फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

आंगनबाड़ी केंद्र में नौनिहालों के लिए भेज दिया खराब पोषाहार

विज्ञापन
meal - फोटो : demo picoatmeal
विज्ञापन

विज्ञापन
अमर उजाला ब्यूरो
तीसा (चंबा)। उपमंडल तीसा के अधीन आने वाले क्षेत्र की चालुईं आंगनबाड़ी केंद्र के लिए खराब पोषाहार सप्लाई करने का मामला सामने आया है। अगर यह पोषाहार नौनिहालों को परोसा जाता तो उनका स्वास्थ्य खराब हो सकता था। आंगनबाड़ी केंद्र में नौनिहालों के लिए बिस्किट और खिचड़ी के लिए भेजी गई दाल भी खराब हो चुकी है। हैरानी इस बात कर है कि कि संबंधित अधिकारियों ने नौनिहालों को परोसे जाने वाले न्यूट्रीशियन की जांच तक नहीं की। इससे उनकी कार्यप्रणाली भी सवाल उठ रहे हैं। जानकारी के अनुसार केंद्र के लिए दो दिन पूर्व ही यह सप्लाई आई थी। इस दौरान स्थानीय निवासी जमात अली, शौकत अली, कासम शाह, मक्खन अली और लाल सेन ने सप्लाई के लिए आई बिस्किट और दाल की गुणवत्ता पर सवाल उठाए। इसका उन्होंने विरोध किया। इसके बाद मामला उजागर हुआ। चालुईं आंगनबाड़ी केंद्र में 20 नौनिहाल आते हैं। गौरतलब हो कि एक तरफ तो सरकार नौनिहालों को आंगनबाड़ी केंद्रों में पोषाहार प्रदान करवाए जाने की बात करती है। वहीं आंगनबाड़ी केंद्रों में नौनिहालों को मिलने वाले पोषाहार की जांच तक नहीं की जाती है। इसका प्रत्यक्ष प्रमाण उपमंडल तीसा के अधीन आने वाली आंगनबाड़ी केंद्र में देखने को मिला है। ग्रामीण चतर सिंह, भगत राम, होशियार सिंह, प्रदीप कुमार, कमलेेश कुुमार और हाकम चंद का कहना है कि नौनिहालों को आंगनबाड़ी केंद्रों में परोसे जाने वाले पोषाहार की जांच होनी चाहिए। खराब पोषाहार से बच्चों की सेहत पर विपरीत प्रभाव पड़ सकता है।
कोट्स
कार्यकारी सीडीपीओ तीसा आशीष ने बताया कि तीसा उपमंडल के अधीन आने वाली आंगनबाड़ी केंद्रों में ताजा पोषाहार की सप्लाई भेजी गई है। अगर ऐसी बात है तो मामले की गहनता से जांच की जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

कोट्स
मामले की होगी जांच : राकेश कुमार चौधरी
कार्यकारी कार्यक्रम अधिकारी राकेश कुमार चौधरी ने कहा कि इस प्रकार की उन्हें अभी तक कोई शिकायत नहीं मिली है। यदि ऐसी बात है तो मामले की जांच करवाई जाएगी।



विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें