मोरसिंघी स्कूल में चल रहे एनएसएस शिविर में मुख्य वक्ता को सम्मानित करते हुए। स्रोत: स्कूल प्रबं
मोरसिंघी स्कूल में युवाओं को अनुशासन, नेतृत्व और सामाजिक जिम्मेदारी के प्रति किया प्रेरित
संवाद न्यूज एजेंसी
बिलासपुर। राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय मोरसिंघी में चल रहे राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस) शिविर के पांचवें दिन की शुरुआत प्रभात फेरी से हुई। स्वयंसेवियों ने गोद लिए गए गांव मोरसिंघी में अनुशासन, समाज सेवा और सामाजिक एकता का संदेश दिया।
इस अवसर पर समाजसेवी एवं युवा नेता राहुल चौहान स्रोत व्यक्ति के रूप में उपस्थित रहे। उन्होंने स्वयंसेवियों को एनएसएस के महत्व और अनुशासन की भूमिका के बारे में बताया। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय सेवा योजना विद्यार्थियों में सेवा भावना, नेतृत्व क्षमता, अनुशासन और सामाजिक जिम्मेदारी विकसित करने का महत्वपूर्ण माध्यम है। उन्होंने युवाओं से आपसी भाईचारा बनाए रखने, लोगों को एकजुट करने और समाज के उत्थान के लिए निस्वार्थ भाव से कार्य करने का आह्वान किया।
विद्यालय की प्रधानाचार्य अनीता राव ने एनएसएस स्वयंसेवियों की ओर से किए जा रहे कार्यों की सराहना की। उन्होंने कहा कि ऐसे शिविर विद्यार्थियों में सामाजिक चेतना, सहयोग, नेतृत्व और जिम्मेदारी की भावना विकसित करते हैं। उन्होंने स्वयंसेवियों को शिविर के दौरान प्राप्त अनुभवों को जीवन में अपनाने और समाज सेवा के कार्यों में सक्रिय भागीदारी निभाने के लिए प्रेरित किया।
शिविर का मुख्य उद्देश्य युवाओं में समाज सेवा की भावना विकसित करना, उन्हें अनुशासित एवं जिम्मेदार नागरिक बनाना और सामाजिक एकता व राष्ट्र निर्माण में उनकी भागीदारी सुनिश्चित करना है। इस अवसर पर सीएचटी मोरसिंघी मदन, एनएसएस कार्यक्रम अधिकारी सुनील वर्मा व श्वेता शर्मा उपस्थित रहीं।