हाइड्रो इंजीनियरिंग कॉलेज बंदला में चल रही कार्यशाला में अभ्यास करते छात्र। स्रोत: कॉलेज प्रबधं
हाइड्रो इंजीनियरिंग कॉलेज में चल रही कार्यशाला
संवाद न्यूज एजेंसी
बिलासपुर। राजकीय हाइड्रो इंजीनियरिंग कॉलेज, बंदला में आयोजित कार्यशाला के चौथे दिन एक विशेष ज्ञानवर्धक सत्र का आयोजन किया गया। इस दौरान एनोवेट स्किल के फाउंडर एवं डायरेक्टर अजय कुमार गोदारा ने विद्यार्थियों को आधुनिक तकनीकों और प्रैक्टिकल लर्निंग के महत्व के बारे में बताया।
उन्होंने अपने संबोधन में छात्रों से संवाद करते हुए उन्हें तकनीकी क्षेत्र में आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया। सत्र के दौरान टिंकरकैड और रिमोटएक्सवाई जैसे सॉफ्टवेयर प्लेटफॉर्म की जानकारी दी गई। उन्होंने बताया कि टिंकरकैड के माध्यम से छात्र इलेक्ट्रॉनिक सर्किट, आर्डुइनो आधारित सिमुलेशन और बेसिक प्रोजेक्ट डिजाइन को आसानी से समझ सकते हैं, जबकि रिमोटएक्सवाई से मोबाइल आधारित कंट्रोल सिस्टम और स्मार्ट डिवाइस इंटरफेस तैयार किए जा सकते हैं। कार्यक्रम में प्रतिभागियों को केवल सैद्धांतिक जानकारी ही नहीं दी गई, बल्कि विभिन्न प्रैक्टिकल प्रोजेक्ट भी करवाए गए। इससे छात्रों को विषय को व्यवहारिक रूप में समझने का अवसर मिला और उनकी सीखने की प्रक्रिया अधिक प्रभावी बनी। अजय कुमार गोदारा ने नवाचार, रोबोटिक्स, आईओटी, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और ड्रोन तकनीक जैसे उभरते क्षेत्रों पर भी प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में प्रैक्टिकल ज्ञान, कौशल विकास और तकनीक आधारित सोच बेहद जरूरी है।