बिलासपुर। मंडी माणवां में नाबालिग का अपहरण करने और कथित दुष्कर्म के मामले में एक नया मोड़ आ गया है। एक तरफ जहां पीड़ित के पिता ने पुलिस पर केस संबंधित कार्रवाई न करने का आरोप लगाया है, वहीं शुक्रवार को बिलासपुर पुलिस के एएसपी भागमल ठाकुर ने प्रेस वार्ता कर मामले के सभी पहलुओं से अवगत करवाया।
उल्लेखनीय है कि 6 अक्तूबर को मंडी माणवां से नाबालिग अपने पिता को यह कह कर घर से निकली थी कि वो अपनी सहेली के घर जा रही है लेकिन वो शाम तक घर वापिस नहीं गई। जब पिता नाबालिग की सहेली के घर पहुंचे तो बेटी वहां पर नहीं मिली। इसके बाद उन्होंने इस संबंध में पुलिस को शिकायत दी वहीं अगले दिन बेटी बिलासपुर बस अड्डे के साथ लगते पार्क में मिली। पीड़ित के पिता ने पुलिस पर इस मामले में कोई कार्रवाई न करने का आरोप लगाया है जिस संदर्भ में एएसपी बिलासपुर ने प्रेस वार्ता में मामले पर प्रकाश डाला।
एएसपी भागमल ठाकुर ने कहा कि सोशल मीडिया में इस मामले को लेकर गलत जानकारी दी जा रही है। लड़की और उसके पिता के प्रारंभिक बयान में किसी प्रकार के दुष्कर्म का कोई मामला होने से इंकार किया गया था। बयान में कहा गया था कि वह आरोपी लड़के को बड़े दिनों से जानती थी। और उसके बुलाने पर वो उससे मिलने गई थी। उससे मिलने के बाद रात को दोनों ने खाना खाया और एक निजी होटल में रात को ठहरे। सुबह फोन आने पर वह पार्क में चली गई लेकिन नाबालिग के पिता के अगले बयान के आधार पर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा 363 के तहत मामला दर्ज कर लिया है। वहीं नाबालिग के 164 सीआरपीसी के तहत बयान दर्ज कर लिए गए हैं। पुलिस आरोपी को तलाश रही है। इस संबंध में होटल के मालिक से भी पूछताछ की जा रही है।
उन्होंने बताया कि प्रारंभिक मेडिकल जांच में नाबालिग के साथ किसी प्रकार के दुष्कर्म की पुष्टि नहीं हुई है। सात दिन के बाद पीड़ित की मेडिकल जांच फिर से करवाई जाएगी। दुष्कर्म की पुष्टि होने पर ही पोक्सो एक्ट में केस दर्ज किया जाएगा।