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जिला में पुलिस ने शहीदों को किया याद, श्रद्धासुमन किए अर्पित

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श्री नयना देवी जी (बिलासपुर)। पंचम भारत आरक्षित वाहिनी बस्सी जिला बिलासपुर में पुलिस शहीद दिवस मनाया गया। समारोह की अध्यक्षता गुरुदेव शर्मा समादेशक ने की। इस अवसर पर गत एक वर्ष में दिनांक 1 सितंबर 2019 से 31 अगस्त 2020 तक समूचे देश में शहीद हुए पुलिसकर्मियों के नाम पढ़कर उन्हें श्रद्धा सुमन अर्पित किए। वहीं बिलासपुर पुलिस लाइन में एसपी दिवाकर शर्मा ने शहीदों को श्रद्धांजलि दी। वहीं लखनपुर में शहीदी दिवस पर स्मृति परेड का आयोजन किया। शर्मा ने कहा कि 20 अक्तूबर 1959 को भारत तिब्बत सीमा पुलिस बल की तीसरी बटालियन की एक कंपनी को उत्तर पूर्वी लद्दाख में हॉट स्प्रिंग्स नाम के स्थान पर तैनात किया गया था। कंपनी को तीन टुकड़ियों में बांटकर सीमा की सुरक्षा निगरानी व चौकसी की जिम्मेदारी सौंपी गई। सीमा की गश्त के लिए गई दो टुकड़ियों के सदस्य उस दिन दोपहर बाद तक लौट आए। लेकिन तीसरी टुकड़ी के सदस्य वापस नहीं लौटे उस टुकड़ी में दो पुलिस कांस्टेबल और एक पोर्टर शामिल थे। अगले दिन को गुमशुदा पुलिसकर्मी की तलाश के लिए एक टुकड़ी का गठन किया गया। गुमशुदा की तलाश में लिए के लिए डीसीआईओ कर्म सिंह के नेतृत्व में यह टुकड़ी रवाना हुई। इस टुकड़ी में करीब 20 पुलिसकर्मी शामिल थे। दोपहर के समय चीन के सैनिकों ने पहाड़ी से गोलियों और ग्रेनेड से टुकड़ी पर हमला कर दिया। इस हमले में भारत के 10 वीर पुलिसकर्मी शहीद हो गए। जबकि 7 अन्य घायल हुए थे। बताया कि घायल सात पुलिसकर्मियों को चीनी सेना बंदी बना कर ले गई। जबकि अन्य पुलिसकर्मी वहां से निकलने में कामयाब हो गए। शहीद हुए 10 पुलिसकर्मियों के शवों को 13 नवंबर 1959 को चीनी सेना ने भारत को लौटा दिया। कहा कि इन पुलिस कर्मियों के सम्मान में हर वर्ष 21 अक्तूबर को पुलिस शहीदी दिवस मनाने का फैसला हुआ। तब से प्रतिवर्ष 21 अक्तूबर को देश भर में दिवंगत शूरवीरों की स्मृति में पुलिस शहीदी दिवस पर स्मृति परेड का आयोजन किया जाता है।
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