घुमारवीं कोर्ट ने दिए आदेश, बिक्री और हस्तांतरण पर रहेगी रोक
घुमारवीं थाना में दर्ज मामले में पुलिस ने बरामद किए थे सोने-चांदी के गहने
संवाद न्यूज एजेंसी
बिलासपुर। घुमारवीं न्यायालय ने चोरी के एक मामले में पुलिस की ओर से बरामद किए गए सोने-चांदी के आभूषणों को महिला को सुपुर्दगी पर देने के आदेश जारी किए हैं। न्यायिक मजिस्ट्रेट कोर्ट नंबर-3 घुमारवीं सिमरनजीत कौर की अदालत ने मामले की सुनवाई के बाद यह फैसला सुनाया।
मामला घुमारवीं थाना में दर्ज एफआईआर से जुड़ा है। पुलिस ने जांच के दौरान इस मामले में एक सोने का मंगलसूत्र, सोने का चक, सोने का टीका, सोने की नथ, दो सोने की अंगूठियां, एक जोड़ी चांदी की पायल, एक जोड़ी चांदी के गुठू और एक अन्य चांदी का गुठू बरामद किया था।
बरामद आभूषणों को वापस लेने के लिए महिला ने अदालत में आवेदन दायर किया था। सुनवाई के दौरान पुलिस ने यह कहते हुए आपत्ति जताई कि अभी मामले का चालान अदालत में पेश नहीं हुआ है। वहीं, मामले में आरोपियों ने अदालत में बयान देकर कहा कि बरामद आभूषणों पर उनका कोई दावा नहीं है और इन्हें आवेदक को सौंपने पर उन्हें कोई आपत्ति नहीं है। अदालत ने मामले की सुनवाई के दौरान कहा कि बरामद संपत्ति को लंबे समय तक पुलिस मालखाने में रखना उचित नहीं है। सुप्रीम कोर्ट के निर्णय का हवाला देते हुए अदालत ने कहा कि वास्तविक मालिक को उचित शर्तों के साथ संपत्ति की अंतरिम सुपुर्दगी दी जा सकती है। अदालत ने महिला के पक्ष में आदेश जारी करते हुए आभूषणों को आठ लाख रुपये के सुपुर्दगी बंधपत्र और एक जमानती के आधार पर जारी करने के निर्देश दिए हैं। साथ ही निर्देश दिए कि मुकदमे की सुनवाई पूरी होने तक आभूषणों को बेचा, हस्तांतरित या उनमें किसी तरह का बदलाव नहीं किया जाएगा। अदालत के निर्देश पर जरूरत पड़ने पर इन्हें पेश करना होगा। अदालत ने थाना घुमारवीं को आभूषणों की फोटोग्राफी और पंचनामा तैयार करने के बाद पहचान व रसीद के आधार पर महिला को सौंपने के निर्देश दिए हैं।