-हिमालयन नीति अभियान के संयोजक बोले-पर्यावरण में बदलाव खतरे की घंटी
संवाद न्यूज एजेंसी
बिलासपुर। चुनावों के समय में भी कोई राजनीतिक पार्टी पर्यावरण को लेकर बात नहीं कर रही है। वर्तमान में पर्यावरण संरक्षण को लेकर कोई भी नेता उचित कदम उठाने को तैयार नहीं है। यह बात हिमालयन नीति अभियान के संयोजक गुमान सिंह ने कही।
बिलासपुर में आयोजित पत्रकार वार्ता में उन्होंने कहा कि इस मुद्दे को लेकर वह विभिन्न पार्टियों के उम्मीदवारों से भी मिले हैं। कोई भी पर्यावरण की समस्या को लेकर गंभीर नहीं है। किसी भी पार्टी ने अपने चुनावी घोषणा पत्र में इस जरूरी मुद्दे को शामिल नहीं किया है। गुमान सिंह ने कहा कि जिस प्रकार से आज पर्यावरण प्रभावित हो रहा है, वह भविष्य में खतरे की बहुत बड़ी घंटी है। बिलासपुर का उदाहरण देते हुए उन्होंने कहा कि बिलासपुर मेें बहुत अधिक परियोजनाएं चल रही हैं। फोरलेन यहां पर बना, रेल लाइन का कार्य चल रहा है, लेकिन पर्यावरण के बारे में किसी ने नहीं सोचा। फोरलेन से निकला मलबा भाखड़ा में फेंका गया। रेल लाइन निर्माण का मलबा भी भाखड़ा में फेंका जा रहा है। पर्यावरण के साथ इतना बड़ा खिलवाड़ हो रहा है और नेता धर्म और जाति की राजनीति में व्यस्त हैं। उन्होंने कहा कि आज हिमाचल के तापमान में वृद्धि हुई जो भविष्य में बहुत बड़ा संकट बनकर सामने आएगा। उन्होंने कहा कि सोची समझी साजिश के तहत आज लद्दाख को बर्बाद करने का प्रयास किया जा रहा है। केंद्र सरकार द्वारा एफसीए के कानूनों में भी बदलाव किया है जो पर्यावरण के लिए हानिकारक है। कहा कि वह हमेशा इसका विरोध करेंगे। इस मौके पर अधिवक्ता रजनीश मौजूद रहे।