फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Bilaspur News: जिला अस्पताल की सरकारी लैब में नहीं हो रहे महत्वपूर्ण टेस्ट

Sat, 26 Apr 2025 11:01 PM IST
शिमला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, बिलासपुर
विज्ञापन
जिला अस्पताल ने क्रस्ना लैब के बाहर लगी मरीजों की करार। संवाद
विज्ञापन
करीब दो माह से सरकारी लैब में नहीं हो रही रीजेंट की सप्लाई
विज्ञापन

मरीजों को क्रस्ना लैब की लाइन में धक्के खाकर या निजी लैब में करानी पड़ रही जांच
संवाद न्यूज एजेंसी
बिलासपुर। जिला अस्पताल की सरकारी लैब में रीजेंट न होने से मरीजों के विटामिन डी, विटामिन बी, थायराइड, खून संबंधी सहित कई महत्वपूर्ण टेस्ट नहीं हो पा रहे हैं। मरीजों को क्रस्ना लैब की लाइनों में धक्के खाकर या निजी लैबों में मोटी रकम देकर जांच करानी पड़ रही है।
विज्ञापन

अस्पताल की सरकारी लैब में दोपहर 12:00 बजे तक मरीजों के सैंपल लिए जाते हैं। इस अवधि के दौरान अक्सर लैब के बाहर मरीजों की भीड़ रहती थी, लेकिन पिछले दो महीनों से लैब में अधिकतर टेस्ट नहीं हो रहे हैं तो मरीज भी इक्का दुक्का ही पहुंच रहे है। शनिवार सुबह 11:00 बजे ही सरकारी लैब का काउंटर पूरी तरह से खाली पड़ा हुआ था। जो मरीज आ भी रहे थे, उन्हें भी अधिकतर टेस्ट क्रस्ना लैब या बाहर से कराने के लिए कहा जा रहा था। लैब के कर्मचारियों के अनुसार रीजेंट नहीं होने की वजह से टेस्ट नहीं हो पा रहे हैं। दूसरी ओर क्रस्ना लैब के काउंटर पर मरीजों की भारी भीड़ लगी रहती है। भीड़ में मरीजों को टेस्ट कराने के लिए लंबा इंतजार करना पड़ा। वहीं, क्रस्ना लैब में फार्म और मोहर आदि लगवाने की औपचारिकताएं भी मरीजों का इंतजार बढ़ा रही हैं। सरकारी लैब के बाहर 56 प्रकार के टेस्ट की सूची लगाई गई है, लेकिन इनमें से 90 प्रतिशत टेस्ट नहीं हो रहे हैं। डेंगू सहित कई टेस्ट ऐसे भी हैं, जिनकी जांच लंबे समय से बंद है। लैब कर्मचारियों के अनुसार से लैब में करीब दो माह से रीजेंट की सप्लाई नहीं हो रही है। बता दें कि जिला अस्पताल में रोजाना 600 से 800 मरीजों की ओपीडी होती है, जिनमें से 50 प्रतिशत को विभिन्न प्रकार के टेस्ट लिखे जाते हैं। सरकारी लैब में रीजेंट नहीं होने से अधिकतर टेस्ट नहीं हो रहे हैं। इस कारण क्रस्ना लैब पर भी अतिरिक्त बोझ पड़ रहा है।

जिला अस्पताल ने क्रस्ना लैब के बाहर लगी मरीजों की करार। संवाद

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें