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Bilaspur News: बाहरी राज्यों से आए फेरी लगाने वालों पर लगाया जाय अंकुश

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- व्यापार मंडल घुमारवीं और संवेदना संस्था ने एसडीएम को सौंपा ज्ञापन
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कहा, प्रशासन ने फेरी वालों पर प्रतिबंध नहीं लगाया उठाएंगे कड़ा कदम

संवाद न्यूज एजेंसी

घुमारवीं(बिलासपुर)। व्यापार मंडल घुमारवीं और संवेदना संस्था ने घुमारवीं क्षेत्र में फेरी लगाकर व्यापार करने वाले बाहरी राज्यों से आए व्यापारियों के खिलाफ प्रस्ताव पारित किया गया। प्रस्ताव में कहा गया है कि फेरी लगाकर व्यापार करने वाले लोगों को किसी भी सूरत में सहन नहीं किया जाएगा। इस संबंध में व्यापारियों ने एक ज्ञापन एसडीएम घुमारवीं गौरव चौधरी को सौंपा।
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ज्ञापन के माध्यम से मांग की गई की बाहरी राज्यों से आए फेरी वालों पर अंकुश लगाया लाए। साथ ही उनका पंजीकरण सुनिश्चित किया जाए। यदि वह यहां किसी घटना को अंजाम देते हैं तो उसकी एवज में उन्हें आश्रय देने वाले लोगों की जवाबदेही भी तय की जाए। यदि प्रशासन स्थानीय व्यापारी के हितों की रक्षा नहीं करता है तो व्यापारी भी प्रशासन के साथ किसी भी तरह का कोई सहयोग नहीं करेंगे। यदि फेरी लगाने वाले दुकान लेकर अपना व्यापार करना चाहते हैं तो उनका किसी भी प्रकार से विरोध नहीं किया जाएगा। इस मौके पर संवेदना संस्था के महासचिव विशाल नड्डा ने व्यापारियों को संबोधित करते हुए कहा कि गांव-गांव जाकर फेरी लगाकर इन प्रवासियों ने स्थानीय व्यापारियों का व्यापार ठप कर दिया है। यह फेरी वाले अन्य राज्यों से आकर घर द्वार जाकर रेडीमेड, बर्तन, कुर्सियां आदि बेचते हैं। इससे व्यापारियों को घाटा उठाना पड़ रहा है। इन पर न तो कोई जीएसटी लगता है और न ही कोई टैक्स लगता है। न ही ग्राहक को कोई बिल अदा करते हैं। इससे सरकार के राजस्व पर भी डाका डाला जा रहा है। इस मौके पर व्यापारियों का कहना है कि फेरी वालों ने उनका व्यापार समाप्त कर दिया है, लेकिन प्रशासन उन पर अंकुश लगाने की बजाए स्थानीय व्यापारियों पर उनके साथ समझौता करने का दबाव बना रहा है। जब कि फेरी वाले यहां पर कई आपराधिक को घटनाओं को अंजाम दे रहे हैं। इससे हिमाचल प्रदेश जैसे शांतिप्रिय राज्य में भी आए दिन कानून व्यवस्था खराब होती जा रही है। व्यापारियों ने प्रशासन से मांग की है कि इन लोगों पर अंकुश लगाया जाए, अन्यथा व्यापारियों को अपने हितों की रक्षा करने के लिए खुद ही कोई कड़ा कदम उठाने पर मजबूर होना पड़ेगा। इसकी सारी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी।
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