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Bilaspur News: स्कूल के बाहर से हटा कचरे का ढेर, लोगों को मिली बड़ी राहत

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अमर उजाला में प्रकाशित खबर
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लंबे समय से दुर्गंध और गंदगी से जूझ रहे थे छात्राएं, अभिभावक व दुकानदार
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कन्या विद्यालय के मुख्य प्रवेश द्वार के पास जमा था कचरे का ढेर


संवाद न्यूज एजेंसी
घुमारवीं(बिलासपुर)। राजकीय कन्या वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय घुमारवीं के मुख्य प्रवेश द्वार के समीप लंबे समय से जमा कचरे के ढेर की समस्या का आखिरकार समाधान हो गया। नगर परिषद की टीम ने सोमवार को मौके पर पहुंचकर कचरे का ढेर हटाने के साथ पूरे क्षेत्र की सफाई करवाई। इससे लंबे समय से गंदगी और दुर्गंध से परेशान स्थानीय लोगों, दुकानदारों, छात्राओं और अभिभावकों ने राहत की सांस ली।
विद्यालय के बाहर लंबे समय से कचरा जमा होने के कारण पूरे क्षेत्र में दुर्गंध फैली रहती थी। स्कूल आने-जाने वाली छात्राओं, अभिभावकों और राहगीरों को रोजाना परेशानी का सामना करना पड़ रहा था। कचरे के ढेर के आसपास लावारिस पशुओं का जमावड़ा लगा रहता था, जिससे दुर्घटनाओं की आशंका भी बनी रहती थी। स्थानीय दुकानदारों का कहना था कि कई बार नगर परिषद से शिकायत और अनुरोध करने के बावजूद समस्या का समाधान नहीं हो रहा था, जिससे लोगों में लगातार नाराजगी बढ़ रही थी। रविवार को इस समस्या को लेकर अमर उजाला ने हालात : शुल्क बढ़ा, सफाई व्यवस्था नहीं सुधरी, स्कूल के पास कचरे के ढेर शीर्षक से समाचार प्रमुखता से प्रकाशित किया था। इसके बाद नगर परिषद हरकत में आई और सोमवार सुबह कर्मचारियों ने मौके पर पहुंचकर कचरा हटाने के साथ आसपास के क्षेत्र की भी सफाई करवाई। सफाई होने के बाद विद्यालय मार्ग पूरी तरह साफ नजर आया और लोगों ने इसे राहत भरा कदम बताया। स्थानीय लोगों का कहना है कि यह कार्रवाई स्वागत योग्य है, लेकिन सफाई व्यवस्था केवल एक दिन तक सीमित नहीं रहनी चाहिए। नगर परिषद को शहर के सभी वार्डों में नियमित रूप से कचरा उठान सुनिश्चित करना चाहिए, ताकि दोबारा ऐसी स्थिति उत्पन्न न हो। लोगों ने यह भी कहा कि सफाई शुल्क बढ़ाए जाने के बाद नगर परिषद की जिम्मेदारी और बढ़ जाती है कि लोगों को बेहतर सफाई व्यवस्था उपलब्ध कराई जाए।
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स्थायी समाधान की उठी मांग
स्थानीय लोगों ने नगर परिषद से मांग की है कि शहर में नियमित कचरा उठान की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए और लावारिस पशुओं की समस्या का भी स्थायी समाधान किया जाए। उनका कहना है कि यदि समय पर कचरा नहीं उठाया गया तो दोबारा गंदगी और दुर्गंध की समस्या खड़ी हो जाएगी। साथ ही स्कूलों और सार्वजनिक स्थानों के आसपास विशेष सफाई अभियान नियमित रूप से चलाया जाना चाहिए, ताकि विद्यार्थियों और आम लोगों को किसी प्रकार की परेशानी न हो।

अमर उजाला में प्रकाशित खबर

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