बीमारियों के चलते देश को सालाना 1.82 लाख करोड़ रुपये का आर्थिक नुकसान
-तंबाकू छोड़ने के 20 मिनट बाद ही हृदय गति, रक्तचाप सामान्य होना शुरू
संवाद न्यूज एजेंसी
बिलासपुर। भारत में लगभग 26 करोड़ लोग तंबाकू का सेवन करते हैं। हर साल करीब 13 लाख मौतें तंबाकू से जुड़ी बीमारियों के कारण होती हैं। तंबाकू जनित बीमारियों के चलते देश को सालाना 1.82 लाख करोड़ रुपये का आर्थिक नुकसान होता है। वहीं, अगर कोई व्यक्ति तंबाकू छोड़ देता है तो उसके 20 मिनट बाद ही उसकी हृदय गति और रक्तचाप सामान्य होना शुरू हो जाता है। तंबाकू छोड़ने के 5 से 10 वर्ष में कैंसर और स्ट्रोक का खतरा धूम्रपान न करने वालों के बराबर हो सकता है।
यह जानकारी एम्स बिलासपुर के विशेषज्ञों ने विश्व तंबाकू निषेध माह के अवसर पर तंबाकू के खिलाफ जन-जागरुकता अभियान के दौरान दी। कार्यक्रम कार्यकारी निदेशक प्रो. (डॉ.) डीएन शर्मा के मार्गदर्शन में और तंबाकू निवारण केंद्र की नोडल अधिकारी डॉ. ज्योति गुप्ता सहायक प्रोफेसर, माइक्रोबायोलॉजी विभाग के नेतृत्व में हुए कार्यक्रम मेे माइक्रोबायोलॉजी विभाग की टीम, क्लिनिकल साइकोलॉजिस्ट, समाज कल्याण अधिकारी, नर्सिंग संकाय और बीएससी नर्सिंग के छात्रों ने भाग लिया। डीएवी स्कूल बिलासपुर, गवर्नमेंट बॉयज सीनियर सेकेंडरी स्कूल और जवाहर नवोदय विद्यालय में पोस्टर मेकिंग प्रतियोगिता और संवाद सत्र आयोजित किए गए। छात्रों ने तंबाकू सेवन के दुष्परिणामों पर रचनात्मक पोस्टर बनाए। विशेषज्ञों ने छात्रों से तंबाकू से जुड़ी बीमारियों जैसे कैंसर, हृदय रोग, फेफड़ों की समस्याएं आदि पर चर्चा की और सवालों के जवाब दिए। अस्पताल परिसर में सफाई कर्मियों, सहायक स्टाफ और सुरक्षा गार्डों के लिए विशेष स्वास्थ्य सत्र का आयोजन हुआ। इसमें उन्हें तंबाकू सेवन से होने वाली बीमारियों और उसे छोड़ने के तरीकों की जानकारी दी गई।
बीएससी नर्सिंग के छात्रों द्वारा प्रस्तुत नुक्कड़ नाटक ने उपस्थित लोगों को गहराई से प्रभावित किया। नाटक में तंबाकू के सामाजिक और स्वास्थ्य संबंधी दुष्परिणामों को प्रभावशाली ढंग से दर्शाया गया। बिलासपुर के दूरवर्ती क्षेत्रों में कार्यरत सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारियों के लिए एक वेबिनार का आयोजन किया गया। इसमें तंबाकू की लत, मानसिक एवं सामाजिक प्रभाव, और परामर्श की विधियों पर विशेषज्ञों ने विस्तार से जानकारी दी।