स्वारघाट (बिलासपुर)। बिलासपुर के औद्योगिक क्षेत्र ग्वालथाई में टाइडल लेबोरेट्री कंपनी के दो कामगारों की सेवा समाप्ति मामले में नया मोड़ आ गया है। इस मामले में सोमवार को कंपनी गेट पर हुए धरना प्रदर्शन और क्षेत्र के ग्रामीणों के भी समर्थन में आगे आ जाने के बाद कंपनी प्रबंधन दबाव में आ गया। प्रबंधन ने अब हटाए गए कामगारों की सेवा 10 जून को बहाल कर देने का ऐलान किया है।
ग्वालथाई की टाइडल लेबोरेट्री कंपनी ने कुछ दिन पहले लॉकडाउन की आड़ में अपने दो कामगारों को नौकरी से निकाल दिया था। हटाए गए दोनों कामगार कंपनी की मजदूर यूनियन के पदाधिकारी भी हैं। कंपनी प्रबंधन के इस कदम के खिलाफ कामगारों में रोष है और निकाले गए लोगों की सेवा बहाली के साथ उनके लंबित वेतन भुगतान को संघर्ष किया जा रहा है। जानकारी के अनुसार सोमवार सुबह सात बजे से लेकर दोपहर एक बजे तक दर्जनों मजदूरों ने टाइडल लेबोरेट्री कंपनी के गेट पर बैठकर धरना व प्रदर्शन किया है। करीब 6 घंटे तक चले इस धरने के दौरान मजदूरों के समर्थन में स्थानीय ग्राम पंचायतों के प्रतिनिधियों में तरसूह पंचायत के प्रधान विजय शर्मा, उप प्रधान बब्बल कुमार, बीडीसी श्यामलाल, बिलासपुर एटक के मुख्य सलाहकार भाग सिंह, अधिवक्ता सुरेश चौधरी और सीटू के रामस्वरूप आदि भी मौजूद रहे हैं। एटक के राज्य सचिव प्रवेश चंदेल ने व स्थानीय यूनियन के प्रधान विक्रम सिंह भी खास तौर से इस धरना व प्रदर्शन में शामिल रहे।
मजदूर नेता विक्रम सिंह के अनुसार दोपहर तक कंपनी के स्थानीय अधिकारी व प्रबंधक से दो दौर की बातचीत बेनतीजा रही। इसके बाद तीसरे दौर की बातचीत के दौरान स्थानीय कंपनी के प्रबंधक ने कोट पुलिस थाना के कार्यकारी एसएचओ राजेंद्र कुमार की मौजूदगी में कहा कि 10 जून को कंपनी के मुख्य सलाहकार की मौजूदगी में निकाले गए दोनों मजदूरों को वापस काम पर ले लिया जाएगा। उनके लंबित वेतन का भुगतान भी कर दिया जाएगा।