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घुमारवीं नगर परिषद के अध्यक्ष पद की चाबी निर्दलीयों के हाथ

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घुमारवीं (बिलासपुर)। घुमारवीं नगर परिषद में सात सीटों में से भाजपा और कांग्रेस के दो-दो समर्थित उम्मीदवारों ने जीत हासिल की है। वहीं तीन आजाद उम्मीदवारों के जीतने से दोनों ही पार्टियों के समीकरण बिगड़ गए हैं। अब घुमारवीं नप के अध्यक्ष का ताज किसके सिर पर सजेगा, इसका निर्णय निर्दलीय पार्षद करेंगे। वहीं कांग्रेस के लिए राहत की बात यह है कि आजाद पार्षदों में से दो कांग्रेस विचारधारा के हैं। नप पर अपना वर्चस्व जमाने के लिए दोनों की पक्षों ने कोशिशें शुरू कर दी हैं।
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घुमारवीं नगर परिषद के लिए अध्यक्ष पद के लिए कशमकश शुरू हो गई है। बेशक परिणाम भाजपा के लिए राहत भरे नहीं रहे हैं।
पिछले चुनावों में कांग्रेस की ओर से चार सीटें जीतने के बावजूद लगभग साढ़े तीन साल में सत्ता परिवर्तन के साथ ही भाजपा समर्पित राकेश चोपड़ा अध्यक्ष पद पर काबिज हो गए थे। भाजपा समर्थित के अध्यक्ष पद पर काबिज होने तक अहम भूमिका रीता सहगल की रही थी। उन्होंने चोपड़ा को अध्यक्ष पद तक पहुंचाया था। इस मर्तबा चोपड़ा चुनाव हार गए हैं, लेकिन उनकी बेटी निशा चोपड़ा चुनाव जीत गई हैं। रिश्तों में मिठास व आजाद उम्मीदवारों का साथ रहा तो फिर नगर परिषद घुमारवीं में इतिहास दोबारा लिखा जाएगा। नगर परिषद घुमारवीं में आजाद उम्मीदवारों के दम पर ही कांग्रेस या भाजपा समर्थित उम्मीदवार अध्यक्ष पद तक पहुंचेगा।
घुमारवीं नप इस बार सामान्य महिला के लिए आरक्षित है। अगर बात अनुभव की जाए तो रीता सहगल का कद बड़ा है। लेकिन जब टिकट आवंटन हो रहा था तो भाजपा ने खुद उनका नाम लिस्ट में डाला था। लेकिन सहगल ने भाजपा में शामिल होने से मना कर दिया था और आजाद प्रत्याशी के तौर पर मैदान में उतरीं और जीत गईं। अगर रीता सहगल अध्यक्ष पद के लिए आगे नहीं बढ़ीं तो नए युवा चेहरे को भी आगे ला सकती हैं। इसमें निशा चोपड़ा का पलड़ा भी भारी हो सकता है। वहीं दो ऐसे चेहरे हैं जो कांग्रेस विचारधारा के हैं। जहां इन दोनों का समर्थन होगा, उसी विचारधारा का अध्यक्ष बनेगा। लेकिन दो आजाद पार्षदों के कांग्रेस विचारधारा के होने से पलड़ा कांग्रेस की तरफ भारी दिखाई दे रहा है।
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नगर परिषद में अध्यक्ष कौन होगा? राजनीतिक गलियारों में चर्चाओं के साथ अटकलें लगनी शुरू हो गई हैं कि अनुभव व युवा पीढ़ी में से एक को मौका मिल सकता है। वहीं उपाध्यक्ष की कुर्सी पर आजाद उम्मीदवार व मंत्री गर्ग के वार्ड से जीते श्याम शर्मा विराजमान हो सकते हैं।
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