कीरतपुर-नेरचौक फोरलेन निर्माण से जिला के कई गांवों में लोगों के घरों पर खतरा पैदा हो गया है। हालत यह है कि बेतरतीब तरीके से हो रही कटिंग और ब्लास्टिंग से मकानों के गिरने का खतरा बढ़ गया है तो वहीं कई मकानों में दरारें आ गई हैं। ऐसे में लोग खौफ के साये में जी रहे हैं। सड़क से तुन्नू गांव में मकान गिरने की कगार पर आ गया है।
वहीं फोरलेन निर्माण में की जा रही भारी ब्लास्टिंग से स्वारघाट के थापना, नारली और समलेटू सहित कई गांवों में दर्जनों घरों में दरारें आ गई हैं। इस वजह से फोरलेन निर्माण से लोग सहमे हुए हैं।
हालांकि लोग इस बारे मे कई बार विरोध भी जता चुके है। लेकिन उनकी कोई सुनने को तैयार नहीं है। प्रशासन के अधिकारियों का कहना है कि उन्हें अभी शिकायत नहीं मिली है। शिकायत मिलते ही कड़ी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। मगर इतने बड़े पैमाने पर घरों को हो रहा नुकसान सब कुछ बयां कर रहा है।
किरतपुर-नेरचौक तक बन रहे फोरलेन सड़क लोगों के लिए परेशानी का सबब बनी हुई है। कहीं सड़क निर्माण के लिए हो रही कटिंग से बनी ढांक से घरों के गिरने का खतरा बना हुआ है। तो कहीं पर डेेटोनेटर से हो रही ब्लास्टिंग लोगों के घर गिरने की कगार पर पहुंच गए हैं। इससे लोगों का जीना मुहाल हो गया है। फोरलेन निर्माण से हो रही कटिंग से तुन्नू गांव में एक मकान पर गिरने का खतरा बना हुआ है। परिवार के सदस्य घर के बाहर कदम रखने से घबरा रहे हैं।
फोरलेन निर्माण से बनी ढांक से शनिवार देर शाम एक बैल गिर गया। इससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। प्रभावित परिवार के अनुसार फोरलेन निर्माण से उनके मकान के समीप एक ओर 150 फुट और दूसरी ओर लगभग 250 फीट ढांक बन गई है।
प्रभावित बलवीर सिंह और उनके भाई यशवंत सिंह ने बताया कि कीरतपुर से नेरचौक तक बन रही फोरलेन से उनके मकान को खतरा हो गया है। बारिश होने के दौरान भूस्खलन होने से यहां लगातार जमीन खिसक रही है।
इससे मकान के गिरने का खतरा बढ़ गया है। उन्होंने बताया कि इस बारे में उन्होंने कई बार कंपनी के अधिकारियों को भी अवगत करवाया। लेकिन, समस्या का अभी तक समाधान नहीं हो पाया है।
इससे लोगों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। प्रभावित लोगों ने बताया कि सोमवार को इसकी शिकायत उपायुक्त मानसी सहाय ठाकुर से की जाएगी।
थापना, नरली, समलेटू में ब्लास्टिंग से घरों को खतरा
स्वारघाट क्षेत्र की पंचायत कुटैहला के गांव थापना, नारली और समलेटू गांवों में फोरलेन निर्माण से हो रही ब्लास्टिंग लोगों के घरों में दरारें आ रही हैं। इससे लोग सहमे हुए हैं। बीते शनिवार को विधायक रणधीर शर्मा ने प्रभावित क्षेत्रों का दौरा करके कंपनी अधिकारियों को भी जरुरी दिशा-निर्देश दिए थे। मगर जमीनी स्तर पर इसका फिलहाल कोई असर दिखता नजर नहीं आ रहा है। इसके साथ ही प्रशासनिक अधिकारी भी पूरे मामले से अनभिज्ञता जताकर पल्ला झाड़ रहे हैं।
क्या कहते है प्रशासन के अधिकारी
फोरनलेन कंपनी के निर्माण से किसी भी तरह के नुकसान की उन्हें जानकारी नहीं है। जैसे ही शिकायत आएगी उस पर उचित कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
डॉ. चांद प्रकाश शर्मा, एडीएम बिलासपुर