जिला एवं सत्र न्यायाधीश बहादुर सिंह की अदालत ने सरकारी काम में बाधा पहुंचाने के आरोपी को अलग-अलग मामलों में एक माह का साधारण कारावास और 4200 रुपये की सजा सुनाई है।
जिला न्यायवादी संदीप अत्री ने बताया कि पांच जुलाई 2009 में चार लोगों ने मंडी ओट से एक पुलिस एएएसआई को अगवा कर लिया था। बरमाणा पुलिस ने मंडी से मिली सूचना के आधार बरमाणा कैंची मोड़ के पास नाका लगाया था, लेकिन शातिर आरोपी वहां से भाग निकले और वाया जुखाला से नौणी चौक की ओर भागे।
पुलिस ने तुरंत इसके बाद बिलासपुर सदर थाना क्षेत्र के तहत नौणी चौक के पास नाका लगाया। मगर शातिर आरोपी वहां से फिर से पीछे हटे और घागस से बिलासपुर की ओर आ गए।
उन्होंने बागी-बिनौला के पास पुलिस की गाड़ी को टक्कर मार दी। पुलिस ने उन्हें गाड़ी सहित पकड़ लिया था। इस मामले में अदालत में बीस गवाह पेश किए। इस मामले में तीन आरोपियों को बरी भी किया जा चुका है।
अदालत ने तमाम सबूतों और तथ्यों के आधार पर आरोपी नरेंद्र कुमार पुत्र तुलसी राम निवासी समलाखा हाउस मातावाली गली दिल्ली को अलग-अलग मामलों में एक महीने का साधारण कारावास और 4200 रुपये की सजा सुनाई है। यह सजा एक साथ चलेगी।