बिलासपुर। जिला पुलिस की स्पेशल टास्क फोर्स ने शुक्रवार को शहर होटलों और ढाबों का निरीक्षण किया। टीम को काफी खामियां मिली हैं। टीम ने पाया कि कुछ होटलों में न तो सीसीटीवी कैमरे लगे हैं और न ही यात्रियों के ठहरने की सूची सही तरीके से बनी है। इन सभी होटलों व ढाबा मालिकों को टीम ने समय रहते खामियां दूर करने के निर्देश दिए हैं। अगर अगली बार इस तरह की खामियां पाई गईं तो इनके खिलाफ उचित कार्रवाई की जाएगी।
शुक्रवार को जैसे ही टीम ने शहर व इसके साथ लगते विभिन्न होटलों में जाकर चेकिंग शुरू की तो हड़कंप मच गया। टीम को कई होटलों में यह खामियां मिलीं कि कई होटल संचालक यहां ठहरने वाले यात्रियों से पहचान पत्र तक नहीं लेते। इससे असामाजिक तत्वों पर पुलिस शिकंजा कसने में नाकाम साबित होती है। इसी को देखते हुए स्पेशल टास्क फोर्स की टीम ने शहर व उसके आसपास के ढाबों व होटलों में दबिश दी। उल्लेखनीय है कि बागी-बिनौला स्थित एक ढाबे में कुछ समय पहले गोलीकांड हो चुका है। यहां कुछ पर्यटकों व स्थानीय युवाओं में कहासुनी हो गई थी, जो देखते ही देखते गोलीकांड में तबदील हो गई थी। हालांकि यहां पर सीसीटीवी कैमरे भी लगे थे, लेकिन उनकी हार्ड डिस्क को यहां से ले गए थे। इसके अलावा टीम ने ढाबा संचालकों से भी अपने यहां सीसीटीवी कैमरे लगाने को कहा है, ताकि असामाजिक गतिविधियों पर नजर रखी जा सके।
पुलिस टास्क फोर्स के इंचार्ज संजीव पुंडीर ने बताया कि जिन होटलों में खामियां पाई गई हैं, उनसे सुरक्षा की दृष्टि से उन्हें दूर करने को कहा गया है। साथ ही आने जाने वालों का रिकॉर्ड पहचान सहित रखने के निर्देश दिए हैं। जिन होटलों में सीसीटीवी कैमरे नहीं लगे हैं, उनको कैमरे लगाने को कहा गया है, ताकि असामाजिक तत्वों पर नजर रखी जा सके। निर्देश दिए हैं कि सुरक्षा की दृष्टि से नियमों का पालन करें, ऐसा न करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।