घुमारवीं(बिलासपुर)। अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश घुमारवीं की अदालत ने रास्ता रोककर जानलेवा हमला करने के मामले में नामजद तीन आरोपियों को दोषी करार देते हुए 5 वर्ष के कठोर कारावास तथा 56 हजार 600 रुपये जुर्माने की सजा सुनाई।
सहायक लोक अभियोजक राजीव शर्मा ने बताया कि इस शिकायतकर्ता शीला देवी गांव अवढाणीघाट की रहने वाली हैं। वर्ष 2013 में शीला देवी ने पुलिस थाना घुमारवीं में रिपोर्ट दर्ज करवाई थी कि आरोपियों विद्यासागर, सतीश व प्यार चंद ने शिकायतकर्ता तथा उसके जीजा नंदलाल का रास्ता रोका और उनके ऊपर कस्सी के साथ जानलेवा हमला कर दिया। आरोप है कि इस मारपीट में इन लोगों को गंभीर चोटें आईं। यह भी आरोप है कि आरोपियों ने इन्हें जान से मार देने की धमकियां भी दीं। सहायक लोक अभियोजक राजीव शर्मा ने बताया कि घुमारवीं पुलिस ने मामले के आरोपियों के खिलाफ आपराधिक मामला दर्ज किया था। उन्होंने बताया कि अदालत ने आरोपियों को दोषी करार देते हुए भारतीय दंड संहिता की धारा 307 के तहत 5 वर्ष का कठोर कारावास तथा 50 हजार रुपये जुर्माना, धारा 325 के तहत 2 वर्ष का कठोर कारावास तथा 5 हजार रुपये जुर्माना, धारा 506 के तहत 1 वर्ष कारावास तथा एक हजार रुपये जुर्माना तथा धारा 341 के तहत 1 माह कारावास तथा 600 रुपये जुर्माने की सजा सुनाई।