बिलासपुर। बंदला में निर्माणाधीन हाइड्रो इंजीनियरिंग कॉलेज की साइट पर क्वारंटीन किए गए सात मजदूर कोरोना पॉजिटिव पाए गए हैं। इन सभी की ट्रेवल हिस्ट्री बिहार से जुड़ी है और
ये सभी एकसाथ 4 जुलाई को निर्माणाधीन कॉलेज की साइट पर पहुंचे थे। इससे पहले एक मजदूर के पॉजिटिव पाए जाने के बाद बंदला पंचायत के एक वार्ड को कंटेनमेंट जोन तथा तीन वार्ड बफर जोन बनाए गए हैं। कॉलेज का निर्माण कार्य रोक दिया गया है और बाहर से आए सभी मजदूर साइट क्वारंटीन हैं। इन सभी को ईलाज के लिए शिवा आयुर्वेद कॉलेज में बनाए गए कोविड-19 केयर सेंटर में शिफ्ट किया जा रहा है।
बिलासपुर के मुख्य चिकित्सा अधिकारी डा. प्रकाश दरोच ने बताया कि बुधवार को सात नए कोरोना पॉजिटिव केस आए हैं जो कि बिहार से ताल्लुक रखते हैं और हाईड्रो कॉलेज के निर्माण कार्य के लिए चार जुलाई को बिलासपुर आए थे। इन्हें साईट पर क्वारंटीन किया गया था। पिछले दिन लिए गए सैंपल की जांच रिपोर्ट में ये सात पॉजिटिव पाए गए हैं। इनमें बिहार निवासी 30 वर्षीय दो युवक, एक 24 वर्षीय युवक, एक 44 वर्षीय, एक 50 वर्षीय व्यक्ति, एक 26 वर्षीय युवक और एक 31 वर्षीय युवक शामिल है। सीएमओ के अनुसार इन सभी को ईलाज के लिए चांदपुर में बनाए गए कोविड-19 केयर सेंटर में शिफ्ट किया जा रहा है। इन सात नए केस को मिलाकर जिला में अब कोरोना मरीजों का कुल आंकड़ा 62 हो गया है। उन्होंने बताया कि अभी तक लोग बाहर से अपने-अपने घरों को आ रहें हैं सभी की बार्डर पर स्वास्थ्य जांच की जा रही है और जो रैड जोन क्षेत्र से आ रहे हैं उन्हें संस्थागत क्वारंटीन में रखा जा रहा है। 5 से 7 दिनों के अन्दर उनका कोरोना टेस्ट किया जा रहा है और नैगेटिव आने पर ही उन्हें होम संगरोध में भेजा जा रहा है।
उधर, बिलासपुर के उपायुक्त राजेश्वर गोयल ने बताया कि जिला से पिछले दिन 11 सैंपल जांच के लिए आईजीएमसी शिमला भेजे गए थे। बुधवार को आई रिपोर्ट के तहत सात पॉजिटिव आए हैं। ये सभी साइट पर संस्थागत संगरोध में थे। बंदला में हाइड्रो कॉलेज का निर्माण कार्य फिलहाल बंद रखा गया है।