-भाजपा विधायक बोले-राजनीतिक तौर पर उनके क्षेत्र के साथ हुआ भेदभाव
संवाद न्यूज एजेंसी
बिलासपुर। मुख्यमंत्री को 15 महीने श्री नयनादेवी जी विधानसभा क्षेत्र की याद नहीं आई और न ही कोई विकास कार्य करवाया। नयनादेवी से राजनीतिक तौर पर इस सरकार ने भेदभाव ही किया है। उल्टा नयनादेवी विस क्षेत्र में चल रहे संस्थानों को बंद जरूर किया है। यह आरोप नयनादेवी के विधायक रणधीर शर्मा ने लेक बिलासपुर में आयोजित प्रेसवार्ता में लगाया।
उन्होंने कहा कि अब किस आधार पर मुख्यमंत्री नयनादेवी में लोगों से वोट मांगने आ रहे हैं। आरोप लगाया कि प्रदेश में सत्ता परिवर्तन के बाद मुख्यमंत्री बने सुखविंदर सिंह सुक्खू ने कोठीपुरा में चल रहे जल शक्ति विभाग के डिवीजन को बंद कर दिया तथा स्वारघाट में चल रहे कॉलेज और बस्सी में कानूनगो का कार्यालय भी बंद कर दिया। इसके अतिरिक्त तरसहू, जकातखाना व बहल में पशु औषधालयों को बंद कर दिया। इसके अतिरिक्त सीएचसी मलोखर व भाखड़ा का दर्जा घटाकर दोबारा से प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र बना दिया। उन्होंने मुख्यमंत्री से इसके बारे में जवाब देने की मांग की है। रणधीर शर्मा ने मुख्यमंत्री से यह भी जानना चाहा है कि महिलाओं को 1500 रुपये कहां से दिए जाएंगे, जबकि इसके लिए बजट में किसी प्रकार का प्रावधान नहीं किया गया है। इसके अतिरिक्त मुख्यमंत्री यह भी स्पष्ट कर दें कि जब शराब की बोतल पर 10 रुपये दूध सेस लगाया गया है तो 100 रुपये के हिसाब से दूध की खरीद क्यों नहीं की जा रही।