-10 माह बीत जाने के बाद भी जिप काडर कर्मचारियों से किया वादा अधूरा
संवाद न्यूज एजेंसी
बिलासपुर। सदर विधायक त्रिलोक जम्वाल ने जिला परिषद कर्मचारियों की हड़ताल, कोरोना काल में नियुक्त आउटसोर्स कर्मचारियों की सेवाएं समाप्त करने के मुद्दे को लेकर प्रदेश सरकार पर सवाल उठाए हैं।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने हर वर्ग से झूठे वादे कर सत्ता हासिल की है। चुनाव से पहले मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू, उप मुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री समेत कई नेताओं ने जिला परिषद कैडर के कर्मचारियों से कांग्रेस की सरकार बनते ही उनकी मांगों को पूरी करने का वादा किया था, लेकिन 10 माह बीत जाने के बाद भी वादा अधूरा है। सरकार के ढुलमुल रवैये की वजह से जहां लोगों के कई तरह के काम नहीं हो पा रहे हैं, वहीं 2 अक्तूबर को ग्राम सभाओं का आयोजन भी नहीं हो पाया। वहीं, कोरोनाकाल में सेवाएं देने वाले आउटसोर्स कर्मचारियों को भी घर भेज दिया गया है। 10 माह पूर्व सत्ता में आई कांग्रेस एक के बाद एक जनविरोधी फैसले ले रही है। कोरोना काल में 1800 से अधिक कर्मचारी आउटसोर्स आधार पर नियुक्त किए गए थे। इन कर्मचारियों ने दिन-रात सेवाएं दीं। पहले तो उन्हें पिछले 6 माह से वेतन नहीं मिल पाया और अब सरकार ने उनकी सेवाएं ही खत्म कर दी हैं। इसी तरह जिला परिषद काडर के कर्मचारी पिछले 20 वर्षों से ग्रामीण विकास और पंचायती राज विभाग को सेवाएं दे रहे हैं। इनमें पंचायत सचिव, तकनीकी सहायक, जेई और सेवादार जैसे कर्मचारी शामिल हैं। कर्मचारियों की हड़ताल के कारण लोगों के प्रमाणपत्र, जन्म-मृत्यु पंजीकरण, पेंशन और परिवार विभाजन जैसे कई काम अधर में लटक गए हैं। 2 अक्तूबर को ग्राम सभाओं में अगले वित्त वर्ष की कार्य योजना तैयार करने के साथ ही आपदा से संबंधित कार्यों की समीक्षा भी की जानी थी, लेकिन कर्मचारियों की हड़ताल के कारण कोई भी काम नहीं हो पाया है। बेहतर होगा कि सरकार अपना वादा तुरंत पूरा करे।