श्री नयना देवी में पहले नवरात्रे के दौरान पहुंचे श्रद्धालु।
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मंगलवार को श्री नयना देवी मंदिर में झंडा चढ़ाने की रस्म के साथ ही चैत्र मास के नवरात्रे शुरू हो गए। हालांकि पहले नवरात्रे के दिन श्रद्धालुओं की संख्या उम्मीद से कम रही। मगर पुलिस ने श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए पुख्ता इंतजाम कर दिए हैं। सुरक्षा के लिए मंदिर परिसर में पुलिस के 350 जवानों को तैनात किए गए हैं। इसमें 50 महिला पुलिस जवान भी हैं।
इसके साथ ही मंदिर न्यास ने भी प्रदेश सहित देश विदेश से आने वाले श्रद्धालुओं की सुविधाओं के लिए पुख्ता प्रबंध किए हैं। मंदिर परिसर को सुरक्षा की दृष्टिगत नौ सेक्टरों में बांटा गया है।
मंगलवार को मेला एवं न्यास अधिकारी डॉ. हरीश गज्जू ने नयनादेवी के सभी संवेदनशील सेक्टरों का जायजा लिया। उन्होंने कहा कि क्षेत्र में मेलों के दौरान धारा 144 लागू कर दी गई है।
मंदिर अधिकारी मदन सिंह चंदेल ने बताया की सुरक्षा की दृष्टि से मंदिर के प्रवेश द्वारों पर डीएफएमडी गेट लगाए गए हैं। साथ में मेटल डिटेक्टर भी स्थापित किए गए हैं।
इसके साथ ही मंदिर में नारियल और कड़ाह प्रसाद चढ़ाने पर भी पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया गया है। उन्होंने कहा कि श्रद्धालुओं की सुविधा को देखते हुए मंदिर सुबह 2 बजे खुलेगा और मध्य रात्रि 12 बजे तक श्रद्धालु महामाई के दर्शन कर सकेंगे।
वहीं श्रद्धालुओं को एलईडी के माध्यम से जरूरी सूचनाएं उपलब्ध करवाई जा रही है। नगर प्रशासन के कार्यकारी अधिकारी प्रकाश चंद शर्मा ने बताया कि नगर में सफाई व्यवस्था इस बार 25 अतिरिक्त सफाई कर्मचारी रखे गए हैं। जोकि समय-समय पर कीटनाशक दवाईयों का छिड़काव कर रहे हैं।
उन्होंने कारोबारियों से रास्तों में सजाई गई दुकानों को भी हटाने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने दुकानदारों को आगाह किया है कि वो अपनी दुकानें रास्तों पर न लगाएं नहीं तो उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई अमल में जाएगी।
जल व सिंचाई विभाग के एसडीओ केके शर्मा ने बताया कि मेले में पानी की उचित व्यवस्था की गई है। इसके साथ ही 10 लाख लीटर पानी हर रोज मुहैया करवाया जा रहा है।