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Bilaspur News: नौणी–ब्रह्मपुखर फोरलेन पर बवाल, टिपर यूनियन ने कंपनी की गाड़ियां रोकीं

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मंडी भराड़ी के पास टिपर यूनियन ने रुकवाई फोरलेन निर्माण कंपनी की गाड़ियां। स्रोत: यूनियन
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11 दिन से जारी धरना, आज होगी प्रशासन से वार्ता
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मांगें न मानी तो परिवार सहित आंदोलन की चेतावनी

संवाद न्यूज एजेंसी
बिलासपुर। नौणी–ब्रह्मपुखर फोरलेन निर्माण कार्य को लेकर टिपर यूनियन और निर्माण कंपनी के बीच चल रहा विवाद लगातार गहराता जा रहा है। स्थानीय टिपर ऑपरेटरों को काम न मिलने से नाराज यूनियन ने आंदोलन तेज करते हुए मंडी भराड़ी क्षेत्र में कंपनी की गाड़ियों को रोक दिया। बीते 11 दिनों से कोठीपुरा में जारी धरने के बावजूद कोई ठोस समाधान न निकलने से यूनियन में रोष है।
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टिपर यूनियन के पदाधिकारियों का कहना है कि फोरलेन निर्माण में बाहरी टिपरों को प्राथमिकता दी जा रही है, जबकि स्थानीय ऑपरेटरों को जानबूझकर नजरअंदाज किया जा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि इस संबंध में कई बार कंपनी प्रबंधन और प्रशासन के समक्ष मांग रखी गई, लेकिन अब तक कोई सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया। इसी के विरोध में मजबूरन यूनियन को आंदोलन का रास्ता अपनाना पड़ा। यूनियन नेताओं के अनुसार मंडी भराड़ी क्षेत्र में रोकी गई कुछ गाड़ियों के पास आवश्यक दस्तावेज भी पूरे नहीं थे, जिस पर उन्होंने आपत्ति जताई है। उनका कहना है कि नियमों को दरकिनार कर गाड़ियां चलाई जा रही हैं, जबकि स्थानीय लोगों के हितों की अनदेखी की जा रही है। यूनियन ने साफ शब्दों में कहा है कि वे नियमों के दायरे में रहकर ही आंदोलन कर रहे हैं और किसी भी तरह की अव्यवस्था नहीं चाहते। प्रशासन की ओर से स्थिति पर नजर रखी जा रही है और दोनों पक्षों के बीच वार्ता के प्रयास किए जा रहे हैं। बताया जा रहा है कि आज प्रशासन ने यूनियन पदाधिकारियों को बातचीत के लिए बुलाया है, जिससे किसी समाधान की उम्मीद जगी है। हालांकि यूनियन का रुख अभी सख्त बना हुआ है। पदाधिकारियों ने चेतावनी दी है कि यदि वार्ता के दौरान भी उनकी मांगों को गंभीरता से नहीं लिया गया तो आंदोलन को और उग्र किया जाएगा। उन्होंने कहा कि जरूरत पड़ी तो वे अपने परिवारों के साथ धरना स्थल पर बैठेंगे और काम पूरी तरह से ठप कर दिया जाएगा। यूनियन का कहना है कि यह लड़ाई रोजी-रोटी की है और इसमें किसी तरह का समझौता नहीं किया जाएगा। इस मौके पर यूनियन के प्रधान चंदन चंदेल, चेयरमैन सतदेव शर्मा सहित अन्य पदाधिकारी मौजूद रहे।

मंडी भराड़ी के पास टिपर यूनियन ने रुकवाई फोरलेन निर्माण कंपनी की गाड़ियां। स्रोत: यूनियन

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