घुमारवीं में भाजपा कार्यकर्ताओं को जूस पिलाकर अनशन खत्म कराते नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर। संवाद
जयराम ठाकुर ने जूस पिलाकर तुड़वाया अनशन, हाईकोर्ट और लोअर कोर्ट में मामला पहुंचने के बाद आंदोलन खत्म करने का फैसला
संवाद न्यूज एजेंसी
घुमारवीं (बिलासपुर)। एफआईआर विवाद को लेकर घुमारवीं थाना के बाहर 22 दिनों से चल रहा भाजपा कार्यकर्ताओं का क्रमिक धरना और अनशन शुक्रवार को समाप्त हो गया। हाईकोर्ट और लोअर कोर्ट में एफआईआर से जुड़े मामले का संज्ञान लिए जाने के बाद कार्यकर्ताओं ने आंदोलन खत्म करने का फैसला लिया। पूर्व मुख्यमंत्री एवं नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने अनशन स्थल पर पहुंचकर अनशनकारियों को जूस पिलाकर अनशन तुड़वाया। इस दौरान पूर्व कैबिनेट मंत्री राजेंद्र गर्ग और बिलासपुर सदर विधायक त्रिलोक जमवाल भी मौजूद रहे।
जयराम ठाकुर ने कहा कि भाजपा कार्यकर्ताओं ने 22 दिन तक लोकतांत्रिक तरीके से अपनी आवाज उठाई है। अब न्यायालय ने मामले का संज्ञान लिया है, इसलिए न्यायिक प्रक्रिया पर भरोसा जताते हुए आंदोलन समाप्त किया गया है। उन्होंने कहा कि अनशन समाप्त हुआ है, लेकिन जनहित के मुद्दों और सरकार की नीतियों के खिलाफ भाजपा का संघर्ष जारी रहेगा।
उन्होंने प्रदेश सरकार पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि सरकार एफआईआर दर्ज करने पर अधिक जोर दे रही है। उनका दावा था कि विकास कार्यों और नशा माफिया के खिलाफ कार्रवाई के बजाय भाजपा कार्यकर्ताओं और विधायकों पर एफआईआर दर्ज की जा रही हैं। उन्होंने कहा कि 22 दिन चले आंदोलन से सरकार और प्रशासन का ध्यान मामले की ओर गया है।
मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू के आगामी विधानसभा चुनाव में भाजपा के 16 विधायकों के हारने के दावे पर जयराम ठाकुर ने पलटवार किया। उन्होंने दावा किया कि आगामी चुनाव में कांग्रेस 10 सीटों का आंकड़ा भी पार नहीं कर पाएगी। उन्होंने यह भी दावा किया कि कांग्रेस के अधिकांश मंत्री चुनाव हारेंगे और 40 विधायकों में से केवल एक-दो विधायक ही चुनाव जीत पाएंगे। उन्होंने कांग्रेस विधायकों पर अपने क्षेत्रों में अपेक्षित विकास कार्य नहीं करवाने का आरोप लगाया।
जयराम ठाकुर ने कहा कि भाजपा कार्यकर्ताओं का आंदोलन समाप्त हुआ है, लेकिन जनहित के मुद्दों और सरकार की नीतियों के खिलाफ पार्टी की आवाज आगे भी उठती रहेगी।