एमडीएमए क्रिस्टल ड्रग्स लेकर कुल्लू जा रहे थे पंजाब के दोनों युवक
सिंथेटिक ड्रग की हिमाचल में एंट्री ने बढ़ाई चिंता, रेव पार्टियों में सप्लाई की आशंका
घुमारवीं पुलिस ने वीरवार रात बलोह में पकड़ी अब तक की सबसे बड़ी खेप
-दो आरोपियों को पुलिस ने किया कोर्ट में पेश, मिली चार दिन का पुलिस रिमांड
संवाद न्यूज एजेंसी
घुमारवीं (बिलासपुर)। घुमारवीं थाना क्षेत्र में पकड़ी गई एमडीएमए क्रिस्टल ड्रग्स की बड़ी खेप के मामले में पुलिस की कार्रवाई आगे बढ़ गई है। फाॅरवर्ड लिंक के आधार पर पुलिस ने एक और आरोपी को गिरफ्तार किया है, जिसकी पहचान आशीम अरोड़ा पुत्र राजेंद्र कुमार निवासी मुक्तसर (पंजाब) के रूप में हुई है। आरोपी कसोल जिला कुल्लू में एक होटल संचालित करता है। पुलिस का कहना है कि उससे ड्रग सप्लाई नेटवर्क से जुड़े अहम सुराग मिलने की उम्मीद है।
वीरवार रात को बलोह टोल प्लाजा पर पकड़ी गई एमडीएमए क्रिस्टल ड्रग्स लेकर पंजाब के दोनों युवक कुल्लू जा रहे थे, जहां इसे रेव पार्टियों में सप्लाई किए जाने की आशंका जताई गई है। बरामद ड्रग की मात्रा 20.06 ग्राम बताई गई है, जो हिमाचल में अब तक की सबसे बड़ी एमडीएमए ड्रग की रिकवरी है। इससे पहले कुल्लू में मात्र 3 ग्राम एमडीएमए पकड़ा गया था। पुलिस का मानना है कि चिट्टे के बाद अब सिंथेटिक ड्रग्स का जाल हिमाचल में फैलने लगा है और नशा माफिया युवाओं को नए साइकोएक्टिव ड्रग्स की ओर धकेलने में जुटा है। एमडीएमए, जिसे एक्स्टेसी या मॉली भी कहा जाता है, दिमाग में सेरोटोनिन का स्तर असामान्य रूप से बढ़ाकर झूठी खुशी और उत्साह का भ्रम पैदा करता है। इसके दुष्प्रभाव बेहद गंभीर हैं। शरीर का तापमान बढ़ना, दिल की धड़कन तेज होना, मानसिक भ्रम, चिड़चिड़ापन, अवसाद, लत और मिलावट होने पर जान का खतरा होता है। इस घटना ने अभिभावकों, समाज और पुलिस तीनों की चिंता बढ़ाई है। विशेषज्ञों के अनुसार यह ड्रग युवा दिमाग को तुरंत प्रभावित करता है और थोड़े समय में ही गहरी लत का रूप ले सकता है। पुलिस का मानना है कि सिंथेटिक ड्रग्स का यह नेटवर्क प्रदेश में व्यवस्थित तरीके से सक्रिय हो चुका है।
घुमारवीं पुलिस ने पकड़े गए दोनों आरोपियों को शुक्रवार को कोर्ट में पेश किया, जहां से उन्हें चार दिन की पुलिस रिमांड दिया गया है। पुलिस अब इनसे नेटवर्क, सप्लाई चेन और फाइनेंसरों के बारे में जानकारी जुटाने में लगी है। डीएसपी विशाल वर्मा ने बताया कि एमडीएमए की यह बरामदगी हिमाचल की अब तक की सबसे बड़ी रिकवरी है। घुमारवीं पुलिस नशा तस्करी के खिलाफ जीरो टॉलरेंस नीति पर काम कर रही है। यह घटनाक्रम साफ संकेत है कि अब हमें सिंथेटिक ड्रग नेटवर्क के खिलाफ और ज्यादा आक्रामक कार्रवाई करनी होगी।
फॉरवर्ड लिंक में आरोपी आशीम अरोड़ा को गिरफ्तार किया गया है। यह कसोल में एक होटल चलाता है। पूछताछ में उससे ड्रग सप्लाई नेटवर्क से जुड़े महत्वपूर्ण सुराग मिलने की उम्मीद है। - संदीप धवल, एसपी बिलासपुर