अमर उजाला ब्यूरो
बिलासपुर। राह चलते एक व्यक्ति को चाकू से घायल कर और मारपीट मामले में फरार चल रहे भगोड़े को पीओ सेल की टीम ने उसके घर संदोली से पकड़ा है। भगोड़े को आगामी कार्रवाई के लिए कोट थाना के हवाले कर दिया गया है और न्यायालय में पेश करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
जानकारी के अनुसार 29-9-2008 को अनिल कुमार पुत्र मथुरा दास गांव संदोली तहसील श्रीनयना देवी ने पुलिस चौकी श्रीनयना देवी में अपना ब्यान दर्ज करवाया था कि 28-9-2008 को शाम करीब साढ़े सात बजे वह श्रीनयना देवी जाने के लिए आमली धार में बस का इंतजार कर रहा था। उसी समय श्रीनयना देवी की तरफ से बस आई जिससे रामलाल पुत्र सालो राम निवासी संदोली बस से उतरा। उसने बताया कि सीताराम गांव भटेढ़ अपनी पत्नी के साथ बैठा था। रामलाल ने सीताराम से बातचीत की और सीताराम अपनी पत्नी के साथ पैदल ही श्रीनयना देवी के लिए चल पड़ा। जैसे ही यह दो से तीन कदम आगे चला वैसे ही रामलाल ने इसे रोका और उस पर चाकू से दो से तीन वार कर दिए।
अनिल ने बताया कि उसने रामलाल को पकड़ लिया, उसने उसके साथ भी मारपीट की और अपने आप को वहां से छुड़ाकर वह भाग गया। भागते-भागते वह उसे जान से मारने की धमकी भी दे गया। इस पर कोर्ट थाना में रामलाल के खिलाफ मामला दर्ज किया गया। इसके बाद पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया था और इसकी जमानत भी हो गई। मुकदमा ट्रायल के लिए सीजेएम बिलासपुर में चला। कोर्ट से आरोपी रामलाल को पेशी के लिए कई बार समन भेजे, लेकिन रामलाल पेशी के लिए नहीं पहुंच रहा था। इसके बाद कोर्ट ने 12-7-2018 को उसे उद्घोषित अपराधी करार दे दिया।
पीओ सेल की टीम को इसे पकड़ने की जिम्मेवारी सौंपी गई। पीओ सेल की टीम इसे पकड़ने के लिए जगह-जगह दबिश दे रही थी, लेकिन इसका कहीं कोई पता नहीं चला। टीम को अपने गुप्तचरों से सूचना मिली की रामलाल अपने घर में हैं, जिस पर टीम ने इंचार्ज एचसी दौलतराम, राज कुमार व रवि गौतम ने 24 अक्तूबर को उसके घर दबिश दी और उसे उसके घर से गिरफ्तार कर लिया। इसके बाद आगामी कार्रवाई के लिए उसे कोर्ट थाना के हवाले कर दिया गया है।
एसपी बिलासपुर अशोक कुमार ने मामले की पुष्टि की है। उन्होंने बताया कि पुलिस ने फरार चल रहे भगोड़े को पकड़ा है। इसे कोर्ट में पेश करने की प्रक्रिया चल रही है।