अमर उजाला ब्यूरो
घुमारवीं(बिलासपुर)। नगर परिषद घुमारवीं में अध्यक्ष पद के लिए उपाध्यक्ष की ओर से पेश की जा रही दावेदारी को कांग्रेस के ही पार्षदों ने नकार दिया। कांग्रेस के वरिष्ठ कार्यकर्ता, जिला प्लानिंग कमेटी के सदस्य व पार्षद श्याम शर्मा और व रीता बंसल ने कहा कि जब कमेटी तय कर चुकी है कि जो अभी अध्यक्ष हैं वह आगे भी अध्यक्ष रहेंगी तो फिर इस मुद्दे पर किसी को बोलने का कोई अधिकार नहीं है। वहीं उन्होंने पार्टी अध्यक्ष से भी मांग की है कि कमेटी के फैसला आने के बाद भी फैसले के खिलाफ जाने वालों पर अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाए। उन्होंने कहा कि अध्यक्ष और उपाध्यक्ष पार्टी की ओर से तय किए गए हैं। वहीं पार्षदों ने इसके लिए वोट किया है।
कहा कि जो ढाई-ढाई साल की बात कर रहे हैं वह एग्रीमेंट के महत्व को समझें कि बिना हस्ताक्षर किए एग्रीमेंट नहीं होता है। जो भी बात है उसके लिए कमेटी बनाई गई थी। उसने भी अपना निर्णय दे दिया है कि जैसे है वैसे रहो।
अगर फिर भी नहीं मान रहे हैं तो पार्टी के अध्यक्ष उनके ऊपर अनुशासन हीनता पर कार्रवाई करें क्योंकि परिवार की तरह पार्टी होती है। मर्यादाओं को ध्यान में रखकर काम करें जिससे कि पार्टी की किरकिरी न हो तथा काम भी बना रहे।
जो ढाई-ढाई साल की बातों को दोराह रहे हैं वह समझे कि इस बार सीट ओपन है न कि रिजर्व है। इसलिए पार्टी के द्वारा जो दायित्व सौंपा गया है उसका पालन करें। पार्टी ने दायित्व सौंपा है, अगर उसमें असहज महसूस कर रहे हैं तो अपना त्याग पत्र पार्टी के वरिष्ठ अधिकारियों को सौंप सकते हैं। उसके बाद भी और विकल्प मौजूद हैं। जो कह रहे हैं कि धोखा हुआ है वह निराधार है ऐसा कुछ भी नहीं है यह सब मनगढ़ंत है।