बिलासपुर। खस्ताहाल हो चुके जिला पुस्तकालय की हालत अब जल्द ही सुधरने वाली है। पुस्तकालय के जीर्णोद्धार के लिए राष्ट्रीय पुस्तकालय मिशन ने 85 लाख रुपये की स्वीकृति दे दी है। इससे टेबल, कुर्सियां सहित अन्य सामान नया आएगा। इसके अलावा डिजिटलाइजेशन के लिए जिला लाइब्रेरी में कंप्यूटर भी रखे जाएंगे। शुल्क अदा करके लाइब्रेरी में पाठक इंटरनेट यूज कर सकेंगे।
45 लाख रुपये से जिला लाइब्रेरी का हाल बनाया जाएगा। इस हाल को बनाने का जिम्मा लोक निर्माण विभाग को दिया जाएगा। हालांकि जिला लाइब्रेरी में पहले से ही एक हाल है, लेकिन ज्यादा जगह न होने के कारण यहां पर ज्यादा संख्या में पाठक नहीं बैठ सकते। जिला लाइब्रेरी में कुर्सियां भी खस्ताहाल हो चुकी हैं। इसके अलावा शौचालय भी दुरुस्त किए जाएंगे, वहीं किताबों को रखने के लिए अलग से सुविधा होगी। भवन को सुधारने के लिए 11 लाख रुपये का अलग से प्रस्ताव भेजा गया है।
जिला लाइब्रेरी की खस्ताहाल को देखते हुए महाविद्यालय की ओर से मानव संसाधन विकास मंत्रालय केे समक्ष प्रस्ताव रखा गया था, जिसे मंजूरी दे दी गई है। इस प्रस्ताव को इस माह डॉ. सुरेश सोनी और प्रो. विनोद ने मानव संसाधन विकास मंत्रालय के समक्ष रखा। इस प्रस्ताव की विस्तृत रिपोर्ट उच्चतर शिक्षा निदेशालय हिमाचल प्रदेश के माध्यम से मार्च माह में भेजी गई थी। इसके बाद अब 85 लाख की मंजूरी दे दी गई है। जिला लाइब्रेरी में बच्चों केे लिए विभिन्न प्रकार की स्टोरी बुक्स रखी जाएंगी। इसके अलावा बच्चों के लिए अलग से स्पेस बनाया जाएगा।
जिला लाइब्रेरी को आधुनिक बनाने के लिए यहां पर कंप्यूटर भी रखे जाएंगे। इनमें इंटरनेट की सुविधा भी पाठकों को दी जाएगी। इन कंप्यूटरों का प्रयोग करने के लिए पाठकों को कुछ शुुल्क देना होगा।
जिला लाइब्रेरी के कंट्रोलिंग अधिकारी एवं बिलासपुर कॉलेज की प्राचार्य बीबी सांख्यान का कहना है कि पुस्तकालय के जीर्णोद्धार के लिए 85 लाख रुपये मंजूर हुए हैं। अभी तक पैसा नहीं पहुंचा है। जैसे ही पैसा पहुंचेगा लाइब्रेरी को विकसित करने का कार्य शुरू कर दिया जाएगा। डिजिटलाइजेशन को बढ़ावा देने के लिए यहां पर कंप्यूटर भी रखे जाएंगे।