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आवारा पशु बने आम लोगों के लिए परेशानी

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लावारिस पशु बने आम लोगों के लिए परेशानी
सैकड़ों किसानों ने छोड़ा खेतीबाड़ी करने का काम
लावारिस पशु कई लोगों को पहुंचा चुके हैं अस्पताल
अमर उजाला ब्यूरो
घुमारवीं(बिलासपुर)। क्षेत्र में लावारिस पशुओं के आतंक से आम लोगों को भारी परेशानियों से दो चार होना पड़ रहा है। सड़कों पर इन पशुओं के कारण जहां वाहन चालकों को परेशानी पेश आ रही है वहीं ये लावारिस पशु दर्जनों लोगों पर हमला कर उन्हें अस्पताल पहुंचा चुके हैं। जबकि कई लोग मौत के ग्रास भी बन चुके हैं।
घुमारवीं के दकड़ी चौक, गांधी चौक, भगेड़ चौक, कंदरौर चौक, घुमानी चौक, निहारी चौक, पड़यालग चौक, डांगर चौक, बम चौक, कुठेड़ा चौक, फोरलेन पनोह चौक आदि के अलावा लावारिस पशु किसानों की फसलों को भी नष्ट कर रहे हैं।
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इन पशुओं के कारण बीस सालों में कई लोगों की जानें चली गईं और कई घायल हुए हैं। कई सरकारें आईं और कई चली गईं लेकिन जो भी सरकार सत्ता में आई उन सब सरकारों ने केवल मात्र लोगों को कोरे आश्वासन ही दिए।
ग्रामीण किसान एवं जन संघर्ष सीमित घुमारवीं के अध्यक्ष रणजीत सिंह गुलेरिया, मुख्य सलाहकार सोहन सिंह पटियाल, सलाहकार राम प्रकाश वशिष्ठ, संत राम कौंडल, दलेल सिंह, लेख राम, हेमराज शर्मा सह-सचिव, रघुराम, बीडी शर्मा, सुंदरराम, सुभाष ठाकुर, जगदीश कौशल, प्रीतम सिंह, अभी चंद, शशि शर्मा, रत्नी देवी, किरण देवी, कांता देवी, विमला देवी, रोशनी देवी का कहना है कि लावारिस पशुओं के कारण किसानों ने अब फसल की बिजाई भी छोड़ दी है। हाल ही में दकड़ी चौक घुमारवीं में शशिकांत अपनी दुकान को बंद करके घर चलने के लिए स्कूटर पर बैठा ही था कि तभी लावारिस पशुओं के खड़े झुंड ने जोरदार टक्कर मारकर उन्हें गंभीर रूप से घायल कर दिया।
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इनसेट...
पंचायतों में नहीं बने गोसदन
प्रदेश हाईकोर्ट ने 31 मार्च 2015 को सभी पंचायतों में सरकार को दिशा-निर्देश दिए थे कि हर पंचायत में गोसदनों का प्रावधान किया जाए लेकिन आज दिन किसी भी पंचायत में कोई गोसदन नहीं बनाया गया। किसान संघर्ष समिति इस बारे में भी कई आंदोलन कर चुकी है और कई ज्ञापन भी प्रदेश सरकार व प्रशासन विभाग को सौंप चुकी है लेकिन किसान हित में इन लावारिस पशुओं की कोई व्यवस्था नहीं की गई।
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