अमर उजाला ब्यूरो
नीरज महाजन
भराड़ी(बिलासपुर)।
दधोल कला गांव की कला देवी के घर वीरवार सुबह प्रशासनिक अधिकारी पहुंचे। तहसीलदार की अगुवाई में पहुंची टीम ने कला देवी के घर का निरीक्षण किया। अमर उजाला में खबर प्रकाशित होने के बाद प्रशासन हरकत में आया था। इस मौके पर उन्होंने माना कि कला देवी का घर रहने लायक नहीं है और यह कभी भी गिर सकता है। वहीं एसडीएम घुमारवीं ने मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए कला देवी को दस हजार रुपये फौरी राहत और तिरपाल देने की बात कही है। इसके साथ ही कला देवी के रहने की वैकल्पिक व्यवस्था भी पड़ोस में की जा रही है ताकि जर्जर भवन के गिरने की स्थिति में उन्हें कोई नुकसान न पहुंचे। एसडीएम अनुपम ठाकुर ने कहा कि फौरी राहत शुक्रवार को दे दी जाएगी। इसके साथ ही रिपोर्ट उनके पास पहुंचते ही आगामी कार्रवाई भी अमल में लाएंगे।
उल्लेखनीय है कि अमर उजाला ने इस मुद्दे को प्रमुखता से उठाया था। इसके बाद विभाग ने हरकत में आते हुए उक्त कार्रवाई अमल में लाई है। वीरवार को भराड़ी तहसील के नायब तहसीलदार हेमलता, ऑफिस कानूनगो हेमराज, फील्ड कानूनगो बिशन दास, हल्का पटवारी प्यारे लाल सहित दधोल पंचायत प्रधान बलदेव, उपप्रधान पुरुषोत्तम और पडयालग पंचायत के पूर्व प्रधान जागीर सिंह मौके पर पहुंचे। कला देवी ने मौके पर पहुंचे अधिकारियों को अपनी स्थिति से अवगत करवाया। कला देवी ने बताया कि उसका कोई भी सहारा नहीं है। बेटा लापता हो चुका है जबकि पति की मौत हो चुकी है। मकान जर्जर हालत में हैं। इस मुद्दे को अमर उजाला ने प्रमुखता से उठाकर कला देवी की आवाज को प्रशासन तक पहुंचाया है। मौके पर पहुंची नायब तहसीलदार हेमलता ने बताया कि कला देवी के मकान का मुआयना कर रिपोर्ट तैयार कर उच्चाधिकारियों को भेजी जा रही है। उन्होंने माना कि मकान की हालत खराब है। इस दौरान स्थानीय लोगों ने भी कला देवी की वास्तविक स्थिति के बारे में अधिकारियों को अवगत करवाया। लोगों ने बताया कि सही मायने में कला देवी को आर्थिक सहायता की आवश्यकता है। उसका नाम भी आईआरडीपी में होना चाहिए। मौके पर पहुंचे दधोल पंचायत प्रधान बलदेव ने कहा कि कला देवी का नाम आईआरडीपी में डालने की कवायद चली हुई है। हाल ही में हुई आम सभा की बैठक में इसका नाम चयनित हो चुका है। मगर कुछ अड़चनों के कारण सभी लोगों के नाम रुके हैं। दधोल सहकारी सभा के सदय जागीर सिंह सहित अन्य लोगों ने कला देवी की स्थिति पर चिंता जाहिर करते हुए नायब तहसीलदार हेमलता को बताया कि कला देवी को आर्थिक सहायता मिलना जरूरी है। उन्होंने कहा कि जर्जर मकान कभी भी गिर सकता है। गरीब कला देवी का कमाई का कोई भी सहारा नहीं है।
कोट्स
एसडीएम अनुपम ठाकुर ने कहा कि कला देवी को दस हजार रुपये और तिरपाल फौरी राहत के रूप में दिया जा रहा है। इसके साथ ही ठहरने की व्यवस्था भी पड़ोस में की जा रही है। राहत राशि शुक्रवार को दे कला देवी को प्रदान की जाएगी।