अमर उजाला ब्यूरो
बिलासपुर। चंबा के रुमाल को भारत सरकार के वस्त्र मंत्रालय की ओर से महात्मा गांधी की 150वीं वर्षगांठ पर कजाकिस्तान गणराज्य के राष्ट्रीय संग्रहालय में आयोजित प्रदर्शनी में स्थान मिला है। वहीं परिवार कल्याण मंत्री जेपी नड्डा जो यूएचसी और एसडीजी के लिए प्राथमिक स्वास्थ्य परिचर्या पीएचसी के संबंध में दूसरे अंतरराष्ट्रीय सम्मलेन में भाग लेने के लिए कजाकिस्तान की दो दिवसीय यात्रा पर गए हैं ने भी प्रदर्शनी का अवलोकन किया।
उन्होंने कहा कि उनके मूल राज्य की कला को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर स्थान मिलना उनके लिए व्यक्तिगत रूप से गर्व का विषय है। मूल राज्य की कला को अंतरराष्ट्रीय स्तर की प्रदर्शनी में जगह मिली है जो कि भारत की महान विरासत के साथ-साथ हिमाचल के एक अग्रदूत के रूप में कार्य कर रही है।
जेपी नड्डा स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्री अस्ताना में कजाकिस्तान गणराज्य के राष्ट्रीय संग्रहालय में गए। नड्डा यूएचसी और एसडीजी के लिए प्राथमिक स्वास्थ्य परिचर्या पीएचसी के संबंध में दूसरे अंतरराष्ट्रीय सम्मलेन में भाग ले रहे हैं। इस दौरान भारत के पारंपरिक कपड़ा एवं हस्तशिल्प का प्रदर्शन करने वाली इस प्रदर्शनी में जेपी नड्डा ने खास रुचि दिखाई। इस प्रदर्शनी में हिमाचल प्रदेश के चंबा रियासत की एक पारंपरिक कला चंबा रुमाल को भी प्रदर्शित किया गया है जो देश-विदेश के लोगों के लिए आकर्षण का केंद्र बना हुआ है। नड्डा ने कहा कि भारत आज भी अपने देश की पारंपरिक कला को संजोए हुए है।