संवाद न्यूज एजेंसी
जगाधरी। रेलवे स्टेशन की सुरक्षा हाईटेक करने में अभी कुछ और समय लगेगा। स्टेशन पर चल रहा सीसीटीवी कैमरे लगा रही कंपनी रेलटेल ने यह काम रोक दिया है। करीब डेढ़ महीने से काम रुका है। कंपनी ने काम रोकने की वजह स्पष्ट नहीं की है। वहीं, स्टेशन के रेलवे अधिकारियों को भी इसकी वजह नहीं पता है।
योजना के अनुसार रेलवे स्टेशन परिसर में कुल 40 सीसीटीवी कैमरे लगाए जाने हैं। अभी मात्र सात कैमरे लगाए जाने बाकी हैं, जो डेढ़ महीने से बीच में ही लटके हुए हैं। यह काम अप्रैल के अंत तक पूरा करना था। सीसीटीवी इंस्टाल के बाद कंट्रोल रूम बनाया जाना है, जिसमें सर्वर स्थापित कर सभी कैमरों का कनेक्शन कंट्रोल रूम से जोड़ा जाएगा। कंट्रोल रूम आरपीएफ थाने में बनाया जाएगा। यहां पर 52-52 इंच की दो से तीन एलईडी स्क्रीन लगाई जानी हैं।
सर्वर व कंट्रोल रूम का सामान पहले ही आ गया था। सर्वर के लिए बैटरियां भी आरपीएफ थाने में पड़ी हैं। सीसीटीवी लगने से स्टेशन के चप्पे-चप्पे की निगरानी करना आसान होगा। सुरक्षा कर्मी एक स्थान पर बैठकर पूरे रेलवे स्टेशन परिसर की निगरानी कर सकेंगे। सीसीटीवी कैमरे लगने से संदिग्ध की पहचान, वारदात पर अंकुश, वारदात के बाद जांच में भी काफी सहायता मिलेगी।
पांच साल से बीच में अटकी योजना
रेलवे स्टेशन पर सीसीटीवी कैमरे लगाने की योजना साल 2019 में शुरू हुई थी। अगस्त 2019 में इसके लिए सर्वे किया गया था। अक्टूबर में काम शुरू कर दिया गया था। दो स्थानों पर कैमरे भी लगा दिए गए थे। इसके बाद कोरोना संक्रमण में यह काम रोक दिया गया। दोबारा काम शुरू करने के लिए 2022 में सर्वे किया गया। इसके बाद यमुनानगर जगाधरी स्टेशन का चयन अमृत भारत स्टेशन योजना में हुआ। इसके अंतर्गत पूरे स्टेशन की कायाकल्प कर दी गई। ऐसे में यह योजना लटकी रही। नवीनीकरण के बाद दोबारा काम शुरू कर दिया गया था।
स्टेशन पर रेलटेल की ओर से सीसीटीवी इंस्टाल किए जा रहे थे। अप्रैल के अंत तक यह शुरू करने की उम्मीद थी। काम बीच में रुक गया है। इसकी पुख्ता जानकारी नहीं है। इसके कारणों का पता किया जाएगा। जो भी परेशानी या कारण होंगे वे दूर कर जल्द काम पूरा किया जाएगा।
-अरुण त्रिपाठी, मंडल सुरक्षा आयुक्त, अंबाला मंडल।