संवाद न्यूज एजेंसी
प्रतापनगर। कलेसर और फैजपुर गांव के ग्रामीणों ने एक निजी कंपनी पर ग्राम पंचायत की जमीन पर कब्जा करने के आरोप लगाए हैं। ग्रामीणों का कहना है कि कंपनी अपने फार्म हाउस में ग्राम पंचायत की जमीन को शामिल कर रही है। इसके लिए जमीन पर तारबंदी की भी कर दी है।
ग्रामीणों ने हंगामा करते हुए जमीन को कब्जा मुक्त कराने की मांग के समर्थन में नारेबाजी की। फैजपुर के सरपंच प्रतिनिधि ने बताया कि गांव में करीब एक हजार एकड़ के आसपास पंचायती जमीन है। उनके गांव में एक निजी फर्म ने फार्म हाउस बनाया है। आरोप है कि कंपनी पिछले कई वर्षों से धीरे-धीरे पंचायती जमीन पर अवैध रूप से कब्जा करती जा रही है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि अवैध कब्जा करने के साथ निजी फर्म ने तारबंदी भी की है।
फैजपुर गांव के सरपंच अकरम का आरोप है कि कंपनी के कर्मचारियों की ओर से अवैध गतिविधियों को अंजाम दिया जाता है। फर्म के नजदीक लगती यमुना नदी से अवैध खनन करके कई भवनों और अवैध रास्तों का भी निर्माण किया गया है।
इससे पहले भी पंचायत के माध्यम से निजी फर्म से पंचायती जमीन को कब्जा मुक्त करवाने का प्रयास किया गया। कलेसर गांव के सरपंच प्रतिनिधि ज्ञान सिंह ने बताया कि पंचायती जमीन को कब्जा मुक्त करवाने के लिए उन्होंने कोर्ट में याचिका दायर की है।
इस बारे में फैजपुर स्थित कंपनी के मैनेजर निरंजन सिंह ने बताया कि ग्रामीणों के आरोप निराधार है। वह फर्म की जगह पर ही निर्माण कर रहे हैं।
इस बारे में डीडीपीओ नरेंद्र सिंह का कहना है कि फैजपुर और कलेसर में पंचायती जमीन पर अवैध कब्जे के मामले में जांच करवाई जाएगी। यदि पंचायती जमीन पर अवैध कब्जा पाया गया तो नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।