संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश दानिश गुप्ता की अदालत ने रादौर थाने में तैनात उप निरीक्षक सतीश कुमार पर फायरिंग करने के मामले में गांव भगवानपुर निवासी सर्वजीत को दोषी करार देते हुए सात वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। अदालत ने 15 हजार जुर्माना भी लगाया है।
जुर्माना अदा न करने की स्थिति में उसे छह माह अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। वहीं साजिश में शामिल आरोपी गुरदीप को एक वर्ष कठोर कारावास और पांच हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई गई है। अभियोजन पक्ष के अनुसार छह मई 2022 को रादौर थाना पुलिस को सूचना मिली थी कि गांव छोटा बांस में दो पक्षों के बीच झगड़ा हो गया है।
सूचना मिलने पर उप निरीक्षक सतीश कुमार और चालक सत प्रकाश मौके पर पहुंचे तथा स्थिति को शांत कराया। झगड़ा शांत करवाने के बाद जब पुलिस टीम वापस लौट रही थी, तभी टेलीफोन एक्सचेंज रोड पर उन्हें बिना नंबर प्लेट की मोटरसाइकिल पर दो नकाबपोश युवक जाते दिखाई दिए। शक होने पर पुलिस ने उन्हें रुकने का इशारा किया, लेकिन आरोपी बाइक पर भागने लगे।
एफसीआई गोदाम के पास बाइत पर पीछे बैठे युवक ने पिस्टल निकालकर उन पर फायर कर दिया। गोली उनके पेट और बाजू में लगी। साथययों ने घायल उपनिरीक्षक को अस्पताल में भर्ती कराया।
मामले की जांच के दौरान पुलिस ने गांव भगवानपुर निवासी सर्वजीत और गुरदीप को गिरफ्तार किया। रादौर थाना पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ हत्या के प्रयास, आपराधिक साजिश और अन्य धाराओं के तहत मामला दर्ज किया था। सुनवाई के दौरान अदालत ने अभियोजन पक्ष द्वारा प्रस्तुत साक्ष्यों और गवाहों के बयानों के आधार पर दोनों आरोपियों को दोषी करार देते हुए सजा सुनाई।