संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। साइबर ठगों ने गिरफ्तारी का डर दिखाकर ट्रांसपोर्टर उर्जित सिंह से 13.25 लाख रुपये ठग लिए। साइबर क्राइम थाना पुलिस ने अज्ञात साइबर ठगों के खिलाफ धोखाधड़ी का केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी।
औद्योगिक क्षेत्र निवासी उर्जित सिंह ने शिकायत में बताया कि उसका ट्रांसपोर्ट है। उसके पास 21 मार्च को एक युवक का फोन आया। फोन करने वाले युवक ने खुद को एसबीआई कस्टमर सर्विस का कर्मचारी बताया। आरोपी ने उसे कहा कि उसके एसबीआई क्रेडिट कार्ड से एक लाख नौ हजार रुपये दिल्ली से स्वाइप किए गए हैं। आरोपी ने उसे कहा कि वह उसे दिल्ली पुलिस हेडक्वार्टर का नंबर दे रहा है। वह उस नंबर पर अपनी शिकायत दर्ज करवा सकता है। इसके बाद आरोपी युवक ने उसे एक मोबाइल नंबर दिया। जब उसने उस मोबाइल नंबर पर संपर्क किया तो फोन उठाने वाले व्यक्ति ने अपना नाम मिस्टर कुंबले बताया। आरोपी ने बताया कि वह दिल्ली हेड क्वार्टर से बोल रहा है।
आरोपी ने कहा कि वह उसकी शिकायत दर्ज कर रहा है। आरोपी ने उसे हरीश कार्तिक नाम के व्यक्ति के बारे में बताया। आरोपी ने कहा कि हरीश कार्तिक नाम का यह व्यक्ति हवाला का कार्य करता है। उसके उसके लिंक है। आरोपी ने उसे अरेस्ट करने की धमकी दी।
इसके बाद आरोपी ने उसके सभी बैंक खातों की स्टेटमेंट मंगवाई। उसने आरोपी पर विश्वास करके उसको अपने सभी बैंकों की स्टेटमेंट व्हाट्सएप कर दी। इसके बाद आरोपी ने उसे एक अकाउंट नंबर दिया और उसे अकाउंट में 13 लाख 25 हजार रुपये सिक्योरिटी के रूप में जमा कराने को कहा। उसने डर के कारण आरोपी द्वारा दिए गए अकाउंट में 13 लाख 25 हजार रुपये आरटीजीएस कर दिए। इसके कुछ दिन बाद आरोपी का उसके पास फोन आया और आरोपी ने उसके व्हाट्सएप पर तीन व्यक्तियों के नाम भेजें।। उन व्यक्तियों के नाम आरबीआई का नोटिस था। आरोपी ने तीनों व्यक्तियों के आगे लिखी अमाउंट जमा करवाने को कहा। शक होने पर उसने मामले की सूचना साइबर क्राइम थाना पुलिस को दी।