संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। दूध लेने के लिए घर से निकली 12 वर्षीय किशोरी के साथ छेड़खानी के मामले में अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश (फास्ट ट्रैक स्पेशल कोर्ट, पॉक्सो एक्ट) यमुनानगर ने आरोपी जयचंद को पॉक्सो एक्ट के तहत दोषी मानते हुए तीन साल कैद की सजा सुनाई है। इसके साथ ही अदालत ने उस पर 20 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है।
मामला जगाधरी सदर क्षेत्र का है। अभियोजन पक्ष के अनुसार आठ फरवरी को 12 वर्षीय बच्ची दूध लेने के लिए घर से निकली थी। इसी दौरान रास्ते में जयचंद ने उसके साथ छेड़खानी की। घर लौटने पर बच्ची ने घटना की जानकारी अपनी मां को दी। इसके बाद बच्ची की मां आरोपी के घर शिकायत लेकर पहुंची, लेकिन दोषी के परिजनों ने अनसुना कर दिया। पीड़िता की मां ने इसके बाद गांव के सरपंच से शिकायत की, जिस पर पंचायत बुलाई गई। पंचायत में जयचंद के परिजनों ने यह तर्क दिया कि जयचंद नशे का आदी है और नशे की हालत में ही उससे यह हरकत हुई होगी। परिजनों ने यह आश्वासन दिया कि उसे नशा मुक्ति केंद्र में भर्ती कराया जाएगा। पंचायत में इस बात पर सहमति बन गई और मामला वहीं शांत करा दिया गया। हालांकि, 14 फरवरी को जयचंद ने बच्ची के साथ रास्ते में छेड़खानी की। इस बार जब पीड़िता की मां ने आरोपी के घर जाकर विरोध जताया और नशा मुक्ति केंद्र न भेजे जाने पर आपत्ति की, तो परिजनों ने अभद्रता की।
पुलिस ने जयचंद के साथ उसके बेटे साहिब उर्फ मांगा राम, पुत्रवधू पूजा रानी, कृष्ण लाल और रजत के खिलाफ पॉक्सो एक्ट के तहत मामला दर्ज किया। शनिवार को अदालत ने आरोपी को दोषी मानते हुए की सजा सुनाई।