जगाधरी। जिले में गर्मी का असर कम होने के साथ ही खेल गतिविधियां रफ्तार पकड़ेंगी। खेल विभाग ने विभिन्न खेल नर्सरी स्तर की गतिविधियां करवाने की तैयारी शुरू कर दी है। इसका उद्देश्य खिलाड़ियों की प्रतिभा को निखारना, उनकी क्षमता का आकलन करना तथा भविष्य की प्रतियोगिताओं के लिए बेहतर खिलाड़ियों का चयन करना है। इसे खिलाड़ी अपनी कमियां भी जान सकेंगे।
जिले की सभी राजकीय और निजी शिक्षण संस्थानों में संचालित खेल नर्सरियां अपनी सुविधा के अनुसार गतिविधियां करवा सकती हैं। विभाग ने कहा है कि सभी गतिविधियां केवल सुबह और शाम के समय करवाई जाएं। जबकि दोपहर और तेज धूप के दौरान किसी भी प्रकार की खेल प्रतियोगिता या अभ्यास नहीं करवाया जाएगा, ताकि खिलाड़ियों के स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव न पड़े।
खेल विभाग के अधिकारियों के अनुसार नर्सरी स्तर पर विभिन्न खेलों से जुड़ी प्रतियोगिताएं, फिटनेस गतिविधियां और कौशल प्रदर्शन कार्यक्रम किए जाएंगे। इससे खिलाड़ियों की तकनीकी क्षमता, शारीरिक दक्षता और प्रदर्शन का मूल्यांकन किया जाएगा। बेहतर प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों को आगे जिला एवं राज्य स्तरीय प्रतियोगिताओं के लिए तैयार किया जाएगा।
विभाग का मानना है कि मौसम अनुकूल होने के बाद नियमित खेल गतिविधियां शुरू होने से खिलाड़ियों को अभ्यास का बेहतर अवसर मिलेगा और जिले में खेल संस्कृति को भी बढ़ावा मिलेगा। अधिकारियों ने सभी खेल प्रशिक्षकों और संस्थानों से निर्धारित दिशा-निर्देशों का पालन करते हुए खिलाड़ियों की सुरक्षा और स्वास्थ्य को प्राथमिकता देने के निर्देश दिए हैं। साथ ही अधिक से अधिक खिलाड़ियों की भागीदारी सुनिश्चित करने पर भी जोर दिया गया है।
जिला खेल अधिकारी शिल्पा गुप्ता ने कहा कि नर्सरी स्तर पर अभ्याय करवाए जाते हैं। नर्सरियां अपने स्तर पर गतिविधियां करवाती हैं, इससे खिलाड़ियों को उनकी क्षमता और कमियों का पता लगता है। इसके अलावा अंतर नर्सरी स्तर की प्रतियोगिताओं का अभी शेड्यूल नहीं आया है।