संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। भारतीय किसान यूनियन के जिला अध्यक्ष सुभाष गुर्जर ने कहा कि 26 नवंबर को तीन कृषि कानून वापस कराने को दिल्ली में आंदोलन हुआ था। इसकी चौथी वर्षगांठ संयुक्त किसान मोर्चा के आह्वान पर जिला मुख्यालयों पर चेतावनी दिवस के रूप में मनाई जाएगी।
उन्होंने कहा लंबे समय तक किसान आवाज उठा रहे हैंं। सरकार किसानों की आवाज दबाना चाहती है। पत्रकारों से वार्ता में उन्होंने आरोप लगाते हुए कहा कि सरकार किसानों को लगातार परेशान कर रही है। आज किसानों को डीएपी भी कतारों में लगकर मिल रहा है। सरकार किसानों को खाद उपलब्ध कराने में नाकाम है। उन्होंने पराली जलाने के किसानों पर दर्ज मुकदमे वापस लेने व फसल खरीद गारंटी कानून बनाने की मांग की।
उन्होंने बताया कि किसानों के लगातार बिजली के कनेक्शन काटने, स्मार्ट और प्रीपेड मीटरों को लेकर 26 नवंबर को किसानों के सभी मुद्दों को लेकर डटकर विरोध किया जाएगा। वर्षगांठ कामयाब बनाने के लिए संयुक्त किसान मोर्चा के नेता जरनैल, धर्मपाल चौहान, गुरभजन संधू टीमों के साथ प्रचार कर रहे हैं। मौके पर जिला महासचिव जसबीर अजीजपुर, विनोद गुर्जर तेलीपुरा, सुभाष शर्मा, संदीप संखेड़ा, मान सिंह मजाफत, अरविंद खदरी, जगतार रानीपुर, दिलबाग ताहरपुर आदि मौजूद रहे।
प्रदेशाध्यक्ष करेंगे संगठन का विस्तार : सुभाष
सुभाष गुर्जर ने कहा कि संगठन को मजबूत करने के लिए लगातार विस्तार किया जा रहा है। इसी को लेकर 24 नवंबर को प्रदेश अध्यक्ष रतन मान गुमथला में राणा दीपचंद नंबरदार को भी संगठन की अहम जिम्मेदारी सौंपेंगे। जिले में भी काम करने वाले मेहनती किसानों को संगठन में काम करने को मौका दिया जाएगा और जिला व ब्लॉक कार्यकारिणी में जल्द फेरबदल किया जाएगा। सभी किसान 26 नवंबर को 10 बजे कन्हैया साहिब चौक पर पहुंचेंगे।