संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। झींवरहेड़ी गांव में संदिग्ध हालत में हुई रामकुमार की मौत और मकान में चोरी का पुलिस ने खुलासा किया है। रामकुमार का शव घर में पड़ा रहा और उसके साथ काम करने वाला रिश्ते का भतीजा अपने साथी के साथ मिलकर मकान में चोरी करता रहा। उसने किसी को भी रामकुमार की मौत के बारे में नहीं बताया। पुलिस ने दोनों को गिरफ्तार कर लिया है।
बीती 20 फरवरी को थाना छप्पर क्षेत्र के झींवरहेड़ी गांव में 52 वर्षीय रामकुमार का शव उनके घर में ही मिला था। मकान का सामान भी बिखराथा। परिजनों ने पहले तो बिना पोस्टमार्टम के ही रामकुमार का अंतिम संस्कार कर दिया था। बाद में गांव के ही एक युवक पर हत्या और अलमारी से चार लाख रुपये, घर का सामान और छोटा हाथी चोरी करने के आरोप लगाए थे।
पुलिस ने केस दर्ज सीआईए-1 को इस मामले की जांच सौंपी थी। पुलिस ने सीसीटीवी कैमरे की फुटेज के आधार पर दो आरोपियों सोमवार को काबू किया। सीआईए-1 इंचार्ज केवल सिंह ने बताया कि आरोपी अमनदीप उर्फ अभी निवासी झींवरहेड़ी, बंटी निवासी गढ़ी सिकंदरा रादौर को गिरफ्तार किया। पुलिस के मुताबिक, अमनदीप मृतक रामकुमार का रिश्ते में भतीजा लगता था और उसी के साथ काम करता था।
वह 14 फरवरी की शाम को रामकुमार के घर से गया था। इसके बाद 15 फरवरी को वह वापस पहुंचा था। जब वह वापस पहुंचा तो रामकुमार मृत अवस्था में पड़ा था। इसी बीच अमनदीप ने अपने साथी बंटी के साथ मिलकर मकान का सामान चोरी करना शुरू कर दिया। उसने घर का पूरा सामान और छोटा हाथी बेच दिया था। लेकिन, किसी को रामकुमार की मृत्यु होने की सूचना नहीं दी। पुलिस ने दोनों आरोपियों को अदालत में पेश कर चार दिन की रिमांड पर लिया है। दोनों से पूछताछ की जा रही है।