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कागजों में ही पूरा हुआ सामुदायिक भवन का निर्माण कार्य

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बिलासपुर। छोटा बस अड्डा बिलासपुर में वाल्मीकि मंदिर के सामने बन रहे सामुदायिक भवन का निर्माण कार्य पूरा न होने पर लोगों ने रोष जताया। लोगों ने सीएम विंडो में शिकायत दर्ज कराकर इस भवन के निर्माण के लिए आई ग्रांट राशि को खर्च किए जाने की जांच करने की मांग की। आंबेडकर नगर के लोगों का आरोप है कि इस भवन का निर्माण कार्य अभी अधूरा पड़ा है। अधिकारियों ने इसे कागजों में पूरा भी दिखा दिया है। उन्होंने इसकी ग्रांट राशि का दुरुपयोग करने का आरोप लगाते हुए मुख्यमंत्री से कार्रवाई की मांग की है।
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आंबेडकर नगर निवासी आशु कुमार, सुखबीर सिंह, कमल कुमार, सचिन कुमार, विशाल, रिंकू, विक्की, बलबीर, महीपाल, रोहित, सन्नी, संजीव, अजय कुमार, अभिषेक, रमन, विकास व सौरव कुमार ने सीएम विंडो पर दी शिकायत में कहा कि वाल्मीकि मंदिर के सामने आंबेडकर भवन बना हुआ था। भवन जर्जर होने के कारण इसे प्रशासन ने तुड़वा दिया था। जिसके बाद इसमें सामुदायिक भवन बनाने के लिए शिक्षा मंत्री कंवरपाल गुर्जर ने 10 लाख, अंबाला सांसद रतन लाल कटारिया व साढौरा के पूर्व विधायक बलवंत सिंह ने पांच-पांच लाख रुपये देने की घोषणा की थी। वर्ष 2019 में इसका निर्माण कार्य शुरू हो गया था। इतने रुपये खर्च होने के बाद भी भवन की दिवारों पर प्लास्तर, फर्श व बिजली की फिटिंग, दरवाजे कुछ भी नहीं लगे हैं।
पहले उन्होंने सोचा कि शायद कोरोना महामारी के चलते काम बीच में रोक दिया गया है। कुछ दिन पहले वह इसके बारे में पता करने लिए बीडीपीओ कार्यालय में गए तो उन्हें बताया गया कि इस भवन का निर्माण कार्य तो पूरा भी हो चुका है। काम पूरा होने के बाद इसकी यूसी भी जमा हो चुकी है। यह सुनकर वह हैरान रह गए। उन्होंने सरकारी ग्रांट के दुरुपयोग का आरोप लगाते हुए इसकी जांच कराने की मांग की है। लोगों ने बताया कि आंबेडकर नगर की आबादी दो हजार से अधिक है। उनके पास शादी, समारोह करने के लिए केवल यही एक जगह है। भवन का निर्माण अधूरा होने से वह इसमें कोई कार्यक्रम नहीं कर सकते।
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इसकी जांच कराएंगे: अंकित चौहान
बीडीपीओ अंकित चौहान ने बताया कि वह पता करेंगे कि इस भवन के निर्माण के लिए मितना पैसा आया था और किस एजेंसी के माध्यम से इसका निर्माण कराया गया। इसमें से कितनी राशि खर्च की गई है वह इसकी जांच कराएंगे।
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