संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। नौकरी बहाल करने की मांग लेकर नगर निगम के सफाई कर्मचारियों ने शनिवार को शहर भर में सरकार, अधिकारियों व मेयर के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। इस दौरान कर्मचारियों ने उल्टा झाडू कर रेलवे रोड, रेलवे स्टेशन चौक, शहीद भगत सिंह चौक पर जोरदार प्रदर्शन किया। कर्मचारियों ने उनकी नौकरी जाने का आरोप मेयर व अधिकारियों की ठेकेदार से मिलीभगत पर लगाया।
प्रदर्शन की अगुवाई नगर नालिका कर्मचारी संघ प्रधान राजकुमार ससौली ने की। इससे पूर्व कर्मचारी संघ के बैनर तले नगर निगम गेट पर एकत्र हुए। यहां उन्होंने 12वें दिन के धरने की शुरूआत की। इसके बाद कर्मचारी झाडू़ उल्टा कर जुलूस निकालते हुए निगम गेट से शहीद भगत सिंह पहुंचे। यहां नारेबाजी कर कर्मचारी रेलवे स्टेशन की ओर बढ़े। रेलवे रोड से पेपर मिल गेट, आनंद मार्केट, महावीर चौक से रेलवे स्टेशन महाराजा अग्रसेन चौक पहुंचे। यहां कर्मचारियों ने सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।
इस दौरान नेताओं ने आरोप लगाते हुए कहा कि सरकार कहा कि नौकरी बचाने के लिए कर्मचारी 12 दिन से जारी है, लेकिन सरकार के किसी नुमाइंदे ने संघ से बात करना मुनासिब नहीं समझा है। जितना शोषण कच्चे कर्मचारियों का गठबंधन सरकार में हुआ ऐसा कभी नहीं हुआ है। विभागों में ठेकेदारों की दखलंदाजी बढ़ती जा रही है। कर्मचारियों को उनका मेहनताना देने के लिए हर माह उनसे शुल्क लिया जाता है और जो भी कर्मचारी इसके खिलाफ आवाज उठाता है, उसे नौकरी से निकाल दिया जाता है।
नगर निगम में कर्मचारियों की आवाज दबाई जा रही है। कोरोना योद्धाओं को सम्मानित व पुरस्कृत करने के बजाए सरकार ने उनके परिवार के पालन का जरिया ही छीन लिया है। अपने हकों के लिए वे लंबी लड़ाई करने को भी तैयार है। कर्मचारियों का जुलूस महाराजा अग्रसेन स्टेशन चौक से होता हुआ वापस नगर निगम गेट पर समाप्त हुआ। नेताओं ने कहा कि निकाले सभी कर्मचारियों को जल्द बहाल नहीं किया गया, तो बड़ा आंदोलन किया जाएगा। इस दौरान प्रवेश परोचा, वरिष्ठ उपप्रधान रोहताश, मुख्य संगठनकर्ता श्रीकांत, प्रचार सचिव रमन, प्रेस सचिव पपला, सुमित मचल, धर्मेंद्र परोचा, रामकुमार सहित अन्य उपस्थित रहे।