संवाद न्यूज एजेंसी
जगाधरी। जिले में सोमवार को लोग कड़ाके की ठंड की गिरफ्त में जकड़े रहे। रविवार की रात सीजन की सबसे ठंडी रही। इस दौरान न्यूनतम तापमान में एक डिग्री की गिरावट के साथ सीजन का सबसे कम तापमान दर्ज किया गया। न्यूनतम तापमान लुढ़क कर 3.8 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। वहीं दिन में अधिकतम तापमान 14.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
बर्फीली हवा ने सामान्य जीवन की रफ्तार पर लगाम लगा दी और लोग घरों में दुबकने को मजबूर हो गए। विभाग के अनुसार तीन दिन कड़ाके की सर्दी रहने वाली है। सुबह से छाया घने कोहरे के कारण दृश्यता दस मीटर से भी कम रह गई। आसमान पूरे दिन बादलों से ढका रहा और बिल्कुल भी धूप नहीं निकली।
सात किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चली बर्फीली हवा ने लोगों के हाड़ तक कंपा दिए। कोहरे ने यातायात व्यवस्था को पूरी तरह पंगु कर दिया। हाईवे पर वाहन कछुआ गति में रेंगते नजर आए। ठंड से बचने के लिए लोग सुबह से ही अलाव के आगे बैठने को मजबूर होना पड़ा। सोमवार होने के कारण बाजार में अधिकांश दुकानें बंद रहीं और ठंड के कारण लोग घरों में दुबके रहे।
ऐसे में शहर के व्यस्त मार्गाें व स्थानों पर भी लोगों की नाम मात्र उपस्थिति देखने को मिली। वहीं, दिन ढलने के बाद लोगों घरों दुबक गए और सड़कों पर सन्नाटा पसरा रहा। शाम होते ही ठंड बढ़ी और शाम आठ बजे के बाद सड़क मार्ग वीरान दिखने लगे। मौसम विभाग ने अगले तीन दिन तक ठंड का यह कहर जारी रहने की संभावना जताई है।
इस दौरान अधिकतम तापमान 14.4 डिग्री सेल्सियस तक रहने की संभावना है। वहीं, न्यूतनतम तापमान 4.4 डिग्री सेल्सियस रहने की संभावना है। विभाग के अनुसार बुधवार को सीजन में अब तक सबसे कम ताममान रहने की संभावना है। इस दौरान दिन में अधिकतम तापमान 13 डिग्री सेल्सियस तक जा सकता है। ऐसे में स्वास्थ्य विभाग और प्रशासन ने लोगों को एहतियात बरतने की सलाह दी है।
चिकित्सक डॉ. सचिन शर्मा ने कहा कि ऐसी सर्दी में बचाव जरूरी है। बेहद जरूरी होने पर ही बाहर निकलें और हमेशा गर्म कपड़ों का प्रयोग करें। नवजात शिशुओं की इस मौसम में ज्यादा ध्यान रखने की जरूत है। ऐसे में उन्हें बाहर न निकालें और स्तनपान करवाने वाली स्त्रियां ठंडे पानी से स्वयं का बचाव करें। इससे शिशु को सर्दी लग सकती है।