संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। सेक्टर 18 स्थित मकान में घुसकर पंचकूला डिटेक्टिव स्टाफ प्रभारी निरीक्षक निर्मल सिंह की मां 62 वर्षीय राजबाला की हत्या व 75 लाख रुपये और 23 तोले सोना की डकैती करने के मामले में घर के भेदी के शामिल होने की आशंका जताई जा रही है। पुलिस इस मामले में मकान के निर्माण के समय में लगे मजदूरों से लेकर निरीक्षक निर्मल सिंह के घर पर काम करने वाले लोगों की कुंडली खंगाल रही है।
अभी तक की जांच में सामने आया कि वारदात को अंजाम देने वाले को पता था कि घर में नकदी व जेवरात रखे हैं। यहां तक पता था कि लाॅकर प्रथम तल पर है। वृद्धा को बदमाश प्रथम तल तक लेकर गए और उससे ही चाबियां लेकर लाकर खुलवाए। उसे पता था कि घर में कहां सीसीटीवी लगे है। इसलिए बदमाश घर में लगे सीसीटीवी में कैद नहीं हो पाए और वारदात को अंजाम देकर फरार हो गए।
फिलहाल मामले का सुलझाने में सीआईए समेत पुलिस की चार टीमें व दो डीएसपी लगे हुए है। एसटीएफ करनाल भी मामले की जांच कर रही है। मंगलवार को पुलिस टीमों ने सेक्टर 18 में लगे दर्जनों सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। लेकिन पुलिस के हाथ कोई सुराग नहीं लग पाया। वहीं, पुलिस ने मृतका राजबाला का पोस्टमार्टम कराकर शव परिजनों के हवाले कर दिया। पोस्टमार्टम हाउस पर जगाधरी विधानसभा से विधायक अकरम खान समेत जिले के कई मौजिज लोग पहुंचे। जिन्होंने इंस्पेक्टर निर्मल सिंह व उनके पिता एडवोकेट बलिंद्र सिंह को सांत्वना दी।
एसटीएफ एसपी ने की पुलिस अधीक्षक संग बैठक
निरीक्षक निर्मल सिंह की मां की हत्या व लूटपाट के बाद मंगलवार को एसटीएफ करनाल के एसपी राजेश फौगाट यहां पहुंचे। उन्होंने एसपी राजीव देशवाल के साथ लगभग एक घंटा तक बैठक की। पुलिस वारदात को अंजाम देने में घर के भेदी का हाथ मान रही है। फिर भी पुलिस हर एंगल से जांच में लगी है और हर सुराग का गहनता से अध्ययन कर रही है। हत्यारें का पता लगाने को मंगलवार को पुलिस टीमें ने सेक्टर 18 में निरीक्षक निर्मल के घर के आसपास लगे सीसीटीवी की फुटेज खंगाली। इसके अलावा घर पर आने वाले मार्गाें में लगे सीसीटीवी भी जांचें गए। लेकिन पुलिस के हाथ कोई सुराग नहीं लग पाया।
ऐसे हुई थी वारदात
निरीक्षक निर्मल सिंह के पिता बलिंद्र सिंह एडवोकेट है। वह जिला कोर्ट में अभ्यास करते है। बलिंद्र सिंह सेक्टर 18 में अपनी पत्नी राजबाला, पुत्रवधू शिल्पी व उनके बच्चों के साथ रहते है। सोमवार सुबह लगभग 11 बजे बलिंद्र सिंह कोर्ट में चले गए थे। इसके बाद उसकी पुत्रवधू शिल्पी भी अपनी सास राजबाला को नीचे कमरे में छोड़कर बुटीक चली गईं। दोपहर करीब दो बजे बलिंद्र सिंह व उसकी पुत्रवधू शिल्पी घर पहुंचे। जब वह अंदर गए तो राजबाला नीचे कमरे में नहीं थी। उसे आवाज लगाई लेकिन कोई जवाब नहीं मिला। मोबाइल पर फोन किया। उसका जवाब नहीं आया। जब उसे देखने के लिए प्रथम तल पर गए तो स्टोर के सामने राजबाला फर्श पर मृत पड़ी हुई थी। उसके गले में चुन्नी लिपटी हुई थी। स्टोर में रखी अलमारी खुली हुई थी। सामान बिखरा पड़ा था। अलमारी के अंदर रखे 75 लाख रुपये व 23 तोले सोने के गहने व चांदी के बर्तन गायब थे। अलमारी में रखे रुपये उसने अंसल टाउन कुरुक्षेत्र में अपना प्लाट बेचकर रखे हुए थे। कुछ रुपये खेती बाड़ी से भी आए हुए थे। सोमवार देर शाम सेक्टर 17 थाना पुलिस ने अज्ञात पर हत्या व डकैती का केस दर्ज किया था।
मामले की गहनता से जांच की जा रही है। बहुत ही बारीकी से इस केस पर काम किया जा रहा है। हर एंगल से मामले की जांच कर रहे है। मामला सुलझाने को सीआईए समेत कई अलग-अलग टीमें लगी हुई है। इनके अलावा डीएसपी रेंक के दो अधिकारी भी मामले की जांच कर रहे है। जल्द ही आरोपियों को काबू कर लिया जाएगा। - राजीव देशवाल, एसपी यमुनानगर।