संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। नगर निगम को पश्चिमी यमुना नहर के किनारे रिवर वाटर फ्रंट विकसित करने की योजना को अंतिम मंजूरी मिल चुकी है। करीब 10 करोड़ 35 लाख रुपये की इस योजना के लिए टेंडर प्रक्रिया पूरी कर एजेंसी को वर्क ऑर्डर भी जारी कर दिया गया है।
निगम अधिकारियों के अनुसार जल्द ही इसका शिलान्यास किया जाएगा। एजेंसी को करीब 13 माह में यह काम पूरा करना होगा। यह रिवर वाटर फ्रंट दिव्य नगर योजना के तहत विकसित किया जाएगा। इसकी लंबाई करीब साढ़े चार किलोमीटर होगी, जो ओपी जिंदल पार्क के पीछे से शुरू होकर फतेहपुर पुल तक जाएगी। इस पूरे क्षेत्र को आधुनिक सुविधाओं से सुसज्जित किया जाएगा, जिससे शहरवासियों को सैर-सपाटे और मनोरंजन का एक नया स्थान मिलेगा।
परियोजना के तहत नहर किनारे लगभग 600 मिलीमीटर चौड़ा लैंडस्केप एरिया विकसित किया जाएगा, वहीं 2000 मिलीमीटर चौड़ा फुटपाथ बनाया जाएगा। इसके साथ ही पानी निकासी के लिए नालियों का निर्माण किया जाएगा, ताकि जलभराव की समस्या न हो। रिवर फ्रंट को आकर्षक बनाने के लिए यहां सुंदर उद्यान, बैठने के लिए आधुनिक डिजाइन के बैंच और हरियाली विकसित की जाएगी। इसके अलावा पूरे क्षेत्र में फैंसी और डेकोरेटिव लाइटिंग की व्यवस्था की जाएगी, जिससे रात के समय भी पर्याप्त रोशनी रहेगी। इससे न केवल लोगों को सुरक्षित वातावरण मिलेगा, बल्कि अपराध और दुर्घटनाओं पर भी अंकुश लगेगा। परियोजना का एक बड़ा उद्देश्य पश्चिमी यमुना नहर को प्रदूषण से बचाना भी है।
वर्तमान में आसपास की कॉलोनियों जैसे आजाद नगर, चिट्टा मंदिर रोड और शांति कॉलोनी के लोग अक्सर कूड़ा नहर किनारे फेंक देते हैं। कई लोग धार्मिक सामग्री भी सीधे नहर में प्रवाहित कर देते हैं, जिससे पानी प्रदूषित हो रहा है। रिवर वाटर फ्रंट बनने के बाद निगरानी के चलते कूड़ा फेंकने पर रोक लगेगी। साथ ही नालों का गंदा पानी सीधे नहर में गिरने से रोका जा सकेगा।
लोगों को यह होगा फायदा
यह रिवर वाटर फ्रंट स्थानीय लोगों के लिए सुबह-शाम टहलने, दौड़ लगाने और व्यायाम करने का बेहतर स्थान साबित होगा। साथ ही यह पर्यटकों के लिए भी आकर्षण का केंद्र बनेगा। नहर किनारे सुबह-शाम की सैर सुखद अनुभव देगी। सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए 1050 मिलीमीटर ऊंची पत्थर की दीवार बनाई जाएगी, जिस पर 1200 मिलीमीटर ऊंची जालीदार फेंसिंग लगाई जाएगी। ताकि कोई भी नहर की तरफ न जा पाए। इतना ही नहीं बाडी माजरा से लेकर पुराना सहारनपुर रोड पर फतेहपुर पुल तक करीब पौने पांच किलोमीटर नहर की पटरी कच्ची है। ऐसे में बारिश के दिनों में तो पटरी कीचड़ से सन जाती है। ऐसे में पटरी पक्की होने से लोग पुराना सहारनपुर रोड से जुड़ जाएगी। इससे लोगों का आवागमन आसान हो जाएगा।
रिवर वाटर फ्रंट के लिए 10 करोड़ 35 लाख रुपये का टेंडर लगाकर एजेंसी को वर्क अलॉट कर दिया है। जल्द ही इसका निर्माण शुरू कार्य शुरू हो जाएगा। इससे शहर में पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा। यह शहर का सबसे सुंदर इलाका होगा। - महाबीर प्रसाद, आयुक्त, नगर निगम।