यमुनानगर। अब लोगों को बाजार से प्लाईवुड, बोर्ड व दरवाजे महंगे दाम पर खरीदने पड़ेंगे। क्योंकि कारोबारियों ने प्लाईवुड की कीमतों में वृद्धि कर दी है। प्लाईवुड व बोर्ड की कीमतों में अधिकतम दो रुपये और दरवाजे का दाम तीन रुपये प्रति वर्ग फीट तक बढ़ गया है। दाम बढ़ाने का सीधा असर आम आदमी पर पड़ेगा। यदि प्लाई बोर्ड से बना एक दरवाजा भी खरीदा तो उस पर 75 से 100 रुपये अतिरिक्त चुकाने होंगे।
हरियाणा प्लाईवुड मेन्युफैक्चर्स एसोसिएशन ने प्लाईवुड के दाम में वृद्धि किए जाने के पीछे लकड़ी की कीमतों में बढ़ोतरी होना बताया है। कच्चे माल की कीमतें बढ़ने से प्लाईवुड फैक्ट्री संचालकों को नुकसान हो रहा है। जिले में प्लाईवुड उद्योग का सालाना टर्नओवर करीब 1400 करोड़ रुपये का है।
जिले में 300 से अधिक प्लाईवुड यूनिट और 400 से अधिक पिलिंग यूनिट व सॉ मिल हैं। प्लाईवुड इंडस्ट्री में रोजाना 7000 क्यूबिक मीटर प्लाई का उत्पादन होता है। प्लाईवुड इंडस्ट्री में पॉपुलर व सफेदा की जिस लकड़ी से प्लाई तैयार हो रही है उसका 60 प्रतिशत हिस्सा उत्तर प्रदेश से आता है। जबकि 40 प्रतिशत लकड़ी हरियाणा, पंजाब, बिहार व ओडिसा से आती है।
यमुनानगर में दो लक्कड़ मंडियां हैं। इनमें एक मंडी जगाधरी-पांवटा साहिब नेशनल हाईवे पर मानकपुर में तथा दूसरी सहारनपुर मार्ग पर मंडौली गांव में है। किसान व ठेकेदार ट्रैक्टर-ट्रालियों में भरकर खेतों से पॉपुलर व सफेदा की लकड़ी इन दोनों लक्कड़ मंडियों में लेकर आते हैं। निम्न से उच्च गुणवत्ता के पॉपुलर की लकड़ी इस वक्त मंडी में 1400 से 1800 रुपये प्रति क्विंटल बिक रही है। जबकि एक साल पहले पॉपुलर 1000 से 1200 रुपये क्विंटल था। संवाद
घट रही लकड़ी की आवक
सात-आठ साल पहले तक दोनों लक्कड़ मंडियों में रोजाना लकड़ी की 1000 से अधिक ट्रालियां आती थी। परंतु कोरोना महामारी के बाद से मंडियों में लकड़ी की आवक तेजी से घटी है। दो साल पहले तक रोजाना औसतन 450 से 500 ट्रालियां लकड़ी की आ रही थी। जो अब घटकर 300 से 350 पर आ गई हैं। लकड़ी कम होने से फैक्टरियों में प्लाई का उत्पादन 50 प्रतिशत तक घट गया है। यमुनानगर की प्लाईवुड इंडस्ट्री में बना सामान देश के विभिन्न राज्यों में सप्लाई होता है।
मजबूरी में बढ़ाने पड़े रेट : जेके बिहानी
हरियाणा प्लाईवुड मेन्युफैक्चर्स एसोसिएशन के जिला प्रधान जेके बिहानी ने बताया कि लकड़ी की आवक पहले से काफी घट गई है। जिससे प्लाईवुड का उत्पादन कम हो गया है। जितनी लकड़ी रोजाना चाहिए उसकी आधी भी नहीं मिल रही। वहीं लकड़ी का रेट रोजाना बढ़ रहा है। इस घाटे से उबरने के लिए एसोसिएशन ने मजबूरी में प्लाईवुड, बोर्ड व दरवाजे के रेट बढ़ाए हैं।
प्लाईवुड के बढ़ाए गए रेट (वर्ग फीट में)
आइटम बढ़ोतरी
प्लाईवुड 19 एमएम/ 18 एमएम/15 एमएम 2.00 रुपये
प्लाईवुड 12 एमएम/9 एमएम 1.50 रुपये
प्लाईवुड 5 एमएम/6 एमएम 1.00 रुपये
बोर्ड 19 एमएम/ 22 एमएम/25 एमएम 2.00 रुपये
दरवाजे 30 एमएम/35 एमएम 3.00 रुपये