रेल बजट पर चर्चाएं शुरू होते ही दैनिक रेल यात्रियों ने रेलवे बजट के लिए अपनी मांगों को तैयार कर लिया है। लंबित मांगों को लेकर मंगलवार दैनिक रेल यात्री संघ के प्रतिनिधिमंडल ने रेलमंत्री सुरेश प्रभु को ज्ञापन भेजा। इसमें उन्होंने यमुनानगर-जगाधरी रेलवे स्टेशन पर महत्वपूर्ण ट्रेनों के ठहराव, स्टेशन को जोड़ती चार महत्वपूर्ण रेलवे लाइनें बिछाई जाने सहित दर्जनभर मांगों को रेलवे बजट में शामिल करने की मांग की।
संघ के पदाधिकारियों ने कहा कि भाजपा सरकार का दूसरा रेल बजट आने वाला है, लेकिन पहले बजट में हुई घोषणाएं अब तक सिरे नहीं चढ़ी। ना तो टे्रनों का ठहराव हुआ और न ही रेलवे लाइनें बिछी। इस बार तो यमुनानगर-जगाधरी रेलवे स्टेशन के हिस्से में कुछ डाल देना।
दैनिक रेल यात्री संघ का प्रतिनिधिमंडल मंगलवार दोपहर 12 बजे संरक्षक नरेश कुमार के नेतृत्व में यमुनानगर-जगाधरी रेलवे स्टेशन पर पहुंचा। यहां उन्होंने स्टेशन अधीक्षक के माध्यम से रेलमंत्री सुरेश प्रभु को ज्ञापन भेजा। ज्ञापन में दैनिक रेल यात्री संघ के पदाधिकारियों ने कहा कि वे काफी समय से स्टेशन पर महत्वपूर्ण ट्रेनों के ठहराव की मांग कर रहे है। लेकिन कोई भी पुरानी गाड़ी का स्टोपेज नहीं बन पाया।
यहां औद्योगिक क्षेत्र, बर्तन नगरी, शुगर मिल, पेपर मिल सहित कई महत्वपूर्ण उद्योग है। हजारों विद्यार्थी रोजाना स्कूल, कॉलेज व शिक्षण संस्थाओं में आते जाते है। महत्वपूर्ण ट्रेनों का ठहराव न होने के कारण यात्रियों को अंबाला व सहारनपुर जाकर ट्रेनों को पकड़ना पड़ता है। 15 साल से स्टेशन पर इन गाड़ियों के ठहराव की मांग करते आ रहे है।
उनकी मांग है कि इंदौर जम्मूतवी एक्सप्रेस (19325-26), अकाल तख्त एक्सप्रेस (12317-18), जम्मूतवी-वाराणासी एक्सप्रेस (12237-38), जम्मूतवी-कानपुर एक्सप्रेस (14155-56) का यमुनानगर-जगाधरी रेलवे स्टेशन पर ठहराव किया जाए। इसके अलावा अंबाला-सहारनपुर (04921-22) में खाली रैक जाता है। इसे परमानेंट नंबर देकर चलाया जाए।
प्रतिनिधिमंडल में संघ के संरक्षक नरेश कुमार, प्रधान हरप्रीत सिंह, प्रवीण शर्मा, रमेश शर्मा, सुरेंद्र छाबड़ा, साहिल कुमार, सुभाष मेहता, सूरज दत्ता, डा. तायल, सौरभ आदि सदस्य थे।