संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। लोकसभा चुनाव में मतदान का समय धीरे-धीरे करीब आ रहा हैं, जिसे देख प्रत्याशी व उनके समर्थक जनता के बीच दिख रहे हैं। इनका प्रयास ज्यादा से ज्यादा लोगों को अपने पक्ष में वोट करने के लिए राजी करने का है। इसके दूसरी ओर मतदाता भी प्रत्याशियों को कई कसौटियों पर परख रहा है। इन्हीं मतदाताओं में कुछ ने अपनी सांसद चुनाव को लेकर पसंद साझा की। कहा कि ऐसा प्रत्याशी ही सांसद बने, जो साफ छवि का और अपने काम के प्रति जिम्मेदार हो। इससे ही संसदीय क्षेत्र व देश का विकास संभव है।
बीना खातून ने कहा कि सांसद बनने की दौड़ में जो भी प्रत्याशी हैं, उनमें साफ छवि व अपने काम के प्रति जिम्मेदार होने का गुण सबसे जरूरी है। यह दो गुण जिस व्यक्ति में हों, वह अपने लक्ष्य में जरूर सफलता पाता है। सांसद की संसदीय क्षेत्र व देश के प्रति बड़ी जिम्मेदारी है, इसलिए ये गुण देखकर ही वोट देंगे।
राबिया ने कहा कि लोकसभा चुनाव देश व संसदीय क्षेत्र के मुद्दों पर होता है, पर इसमें स्थानीय विधानसभा व निकाय क्षेत्र के मुद्दों पर भी ध्यान दिया जाना चाहिए। क्योंकि इन मुद्दों से बड़ी आबादी प्रभावित होती है, इसलिए प्रत्याशियों को स्थानीय मुद्दों पर भी अपना पक्ष स्पष्ट करना चाहिए।
राजन दुग्गल ने कहा कि सांसद पर देश के कानून व नीतियां बनाने व लागू कराने की जिम्मेदारी होती है। इसलिए इस पद के लिए पढ़ा-लिखा व कानून की समझ रखने वाले प्रत्याशी को चुना जाना चाहिए। यही गुण देखकर इस बार के लोकसभा चुनाव में खड़े प्रत्याशियों में किसी एक को सांसद बनाने के लिए वोट देंगे।
अमन ने कहा कि सांसद बनने के बाद सरकारी मशीनरी से सही तरीके से काम लेना भी आना चाहिए। ऐसा न होने से अफसरशाही हावी हो सकती है। इसलिए सांसद बनने वाले प्रत्याशी को कौन सा कार्य किस तरह सरकारी विभागों द्वारा कराया जा सकता है, यह समझ व परख होनी चाहिए। ये गुण देखकर वोट देंगे।