जहर देकर मासूम बेटी की हत्या करने और फिर अमृतसर के स्वर्ण मंदिर परिसर में छोड़कर फरार होने के आरोप में पुलिस ने एक महिला को पटियाला से गिरफ्तार किया है। इससे पहले महिला पति से विवाद के बाद तीन साल की बेटी और आठ साल के बेटे को लेकर घर से चली गई थी। वहीं पति की ओर से मामले में गुमशुदगी दर्ज कराई गई थी।
कुलदीप नगर निवासी कुलविंद्र सिंह ने 10 अगस्त को गांधी नगर थाना पुलिस को शिकायत दी थी कि वह प्राइवेट नौकरी करता है। उसके पास दो बच्चे हैं। नौ अगस्त को उसकी पत्नी महिंद्र कौर सुबह 10 बजे आठ साल के बेटे हरकीरत और तीन साल की बेटी दिलजोत को एक्टिवा पर बैठाकर बिना बताए घर से चली गई थी, जिसकी तलाश की, लेकिन पता नहीं चला। वह खुद भी घर पर नहीं आई। इस शिकायत पर गांधी नगर पुलिस ने गुमशुदगी दर्ज की थी।
पुलिस के अनुसार घर से लापता होने के बाद महिंद्र कौर अपने बच्चों के साथ ट्रेन में बैठकर अमृतसर स्वर्ण मंदिर पहुंची। इससे पहले उसने रास्ते में ही बेटी को कोई जहरीला पदार्थ दे दिया और फिर स्वर्ण मंदिर परिसर में छोड़कर चली गई। उधर बीते रोज वीरवार को जब बच्ची स्वर्ण मंदिर परिसर में मिली तो हड़कंप मच गया। पहले लोगों ने समझा की बच्ची सो रही है। बाद में जब हकीकत जानी तो पुलिस को सूचना दी गई। सीसीटीवी फुटेज की जांच में महिला बच्ची को परिसर में छोड़कर जाती हुई दिखाई दी। इसके बाद फुटेज को सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया गया। साथ ही पुलिस ने भी पंजाब और हरियाणा के थानों में इसकी जानकारी दी। दूसरी ओर बच्ची को स्वर्ण मंदिर परिसर में छोड़ने के बाद महिला शुक्रवार को पटियाला के राजपुरा थाने में गुमशुदगी दर्ज कराने पहुंची, लेकिन इससे पहले ही बच्ची की वीडियो और जानकारी राजपुरा पुलिस के पास पहुंच चुकी थी। महिला से पूछताछ में सामने आया कि मनिंदर कौर का अपने पति से झगड़ा चल रहा था। इसी वजह से उसने अपनी बेटी दीपजोत कौर को पहले जहर देकर मार दिया और फिर उसका शव अमृतसर में स्वर्ण मंदिर परिसर में रखकर फरार हो गई। बेटी की हत्या के आरोप में पुलिस ने महिला को गिरफ्तार कर लिया है।