यमुनानगर। सिविल अस्पताल जगाधरी में एक नाबालिग इन दिनों सजा नहीं, बल्कि सुधार की राह पर चलता नजर आ रहा है। किशोर न्याय बोर्ड के आदेश पर पिछले 12 दिनों से उसकी ड्यूटी टीबी दवा वितरण केंद्र में लगाई गई है, जहां वह अन्य कर्मचारियों के साथ मिलकर मरीजों और स्टाफ को पानी पिलाने का कार्य कर रहा है।
शुरुआत में झिझकने वाला यह किशोर अब नियमित रूप से समय पर पहुंचकर अपनी जिम्मेदारी निभा रहा है। नाबालिग रोज सुबह 9 बजे अस्पताल पहुंचता है और दोपहर 1 बजे तक सेवा कार्य करता है। अस्पताल प्रबंधन उसकी गतिविधियों पर लगातार नजर बनाए हुए है
गौरतलब है कि 20 अगस्त 2024 को जगाधरी के एक सरकारी स्कूल में घुसकर छात्र के साथ मारपीट करने के मामले में पुलिस ने केस दर्ज किया था। सुनवाई के दौरान किशोर न्याय बोर्ड ने नाबालिग को तीन महीने तक सिविल अस्पताल में कम्युनिटी सर्विस करने की सजा सुनाई थी। बोर्ड का मानना था कि सेवा कार्य के जरिए ही ऐसे मामलों में सुधार लाया जा सकता है। ऐसे में सुनवाई के बाद बोर्ड ने दोषी किशोर को सजा के रूप में अस्पताल में तीन महीने तक सुबह 9 बजे से दोपहर 1 बजे तक मरीजों औरपरिजनों को पानी पिलाने का आदेश दिया। संवाद