खारवन दादूपुर रोड स्थित तिरुपति बालाजी प्लाईवुड फैक्ट्री में हुई 15 लाख की लूट के मामले में सीआईए टू टीम ने तीन और आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों की पहचान चरखी दादरी जिले के गांव बेरला निवासी संदीप उर्फ देबन, बेरला निवासी विकास उर्फ धौलिया और दादरी निवासी देवम उर्फ गांधी के तौर पर हुई है। तीनों आरोपियों को कोर्ट में पेश कर दो दिन के रिमांड पर लिया गया है। सीआईए टू के इंचार्ज अशोक कुमार ने बताया कि तीनों आरोपियों को चरखी दादरी से गिरफ्तार किया गया है। मुख्य आरोपी विकास है। वहीं फैक्ट्री में ट्रक लेकर आता था। उसने ही साथियों के साथ मिलकर साजिश रची थी। रेकी भी उसने ही की थी।
वहीं पूर्व में पकड़े गए आरोपियों के साथी भिवानी के गांव सांगा निवासी रोहित उर्फ नेपाली, गांव दुधवा निवासी अंकित का रविवार को रिमांड पूरा हो गया। इन आरोपियों से पिस्टल, तीन कारतूस व लूटे हुए पैसों में से पांच लाख रुपये बरामद किए गए हैं। रिमांड पूरा होने के बाद इन दोनों आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेजा गया।
बता दें कि जगाधरी सिविल लाइन निवासी अनुज गोयल की खारवन भगवानपुर रोड पर तिरुपति बालाजी प्लाईवुड के नाम से फैक्टरी है। फैक्टरी के लेन-देन के लिए हर रोज कैश आता है। 18 सितंबर की सुबह लगभग साढ़े दस बजे वह और उनका भाई अंचित गोयल अपनी फैक्टरी में थे। तभी बिना नंबर की बुलेरो कार में सवार चार बदमाश फैक्टरी में घुस गए थे। पिस्टल दिखाकर बदमाशों ने उनसे 15 लाख रुपयों से भरा बैग व गले से सोने की चेन लूटी थी। शुक्रवार को मामले में सीआईए 2 की टीम ने आरोपी रोहित व अंकित को गिरफ्तार किया था। उन्होंने पूछताछ में बताया था कि उनके एक साथ ट्रक ड्राइवर है। वह कुछ दिन पहले फैक्टरी में रॉ मैटारियल लेकर आया था। तब उसे केबिन में काफी रुपये होने का पता चला था। तभी से लूट की साजिश रची गई थी। लूट को अंजाम देने के लिए 17 सितंबर को वे सभी पांचों साथी भिवानी से यमुनानगर आ गए थे और अगले दिन लूट की वारदात को अंजाम दिया था।