साप्ताहिक सत्संग में मौजूद श्रद्धालु। संवाद
व्यासपुर। दिव्य ज्योति जागृति संस्थान आश्रम में साप्ताहिक सत्संग का आयोजन हुआ। साध्वी अनुपमा भारती ने कहा कि ब्रह्म ज्ञान की औषधि से मन के विकारों का निवारण संभव है। उन्होंने ईर्ष्या और अहंकार को मन की शांति में बाधक बताते हुए कहा कि हीन भावना से ईर्ष्या और श्रेष्ठता की भावना से अहंकार जन्म लेता है। दोनों विकार व्यक्ति को असंतोष और नकारात्मकता की ओर ले जाते हैं। साध्वी ने कहा कि मनुष्य को बाहरी परिस्थितियां बदलने से पहले अपने भीतर झांकना चाहिए। शांति, संतोष, प्रेम और विनम्रता विकसित होने से विकार कमजोर पड़ते हैं। उन्होंने श्रद्धालुओं से सत्संग, ध्यान-साधना और आध्यात्मिक चिंतन को दिनचर्या में शामिल करने का आह्वान किया। संवाद